दुनिया भर में कोरोना वायरस (कोविड-19) का खौफ फैलता जा रहा है। भारत के साथ-साथ अनेक देशों ने इस वायरस को महामारी घोषित कर दिया है। केंद्र सरकार ने कोरोना को राष्ट्रीय आपदा घोषित कर दिया है। प्रधानमंत्री इस महामारी से निपटने के लिए देश और वैश्विक स्तर पर अभियान चला रहे हैं। इसी सिलसिले में प्रधानमंत्री रविवार शाम 5 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सार्क देशों के नेताओं से चर्चा करेंगे।
इस कांफ्रेंस में श्रीलंका के राष्ट्रपति गोटबया राजपक्षे, बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना, अफगानिस्तान के राष्ट्रपति अशरफ गनी, मालदीव के राष्ट्रपति इब्राहिम सोली, भूटान के प्रधानमंत्री, नेपाल के प्रधानमंत्री शामिल होंगे। वहीं, पाकिस्तान की ओर से प्रधानमंत्री इमरान खान के सहायक डॉ. जफर मिर्जा वीडियो कॉन्फ्रेंस में भाग लेंगे। बता दें कि मोदी ने शनिवार को कहा था कि दक्षेस नेताओं के साथ आने से प्रभावकारी नतीजे आएंगे और कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई में नागरिकों को फायदा होगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह एक स्वस्थ ग्रह के लिए समय पर की जाने वाली कार्रवाई है। इससे पहले, विदेश मंत्रालय ने यह घोषणा की थी कि कि क्षेत्र में कोरोना वायरस का मुकाबला करने के लिए एक मजबूत साझा रणनीति का खाका खींचने के वास्ते सभी दक्षेस सदस्य देशों की वीडियो कांफ्रेंस में भारत का नेतृत्व प्रधानमंत्री मोदी करेंगे।
प्रधानमंत्री ने शनिवार को ट्वीट कर कहा कि, ” कल यानि रविवार शाम पांच बजे दक्षेस देशों के नेता वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोविड-19 की चुनौती से निपटने का खाका तैयार करने पर चर्चा करेंगे।” उन्होंने कहा, “मुझे विश्वास है कि हमारे साथ आने से प्रभावकारी नतीजे आएंगे और हमारे नागरिकों को लाभ मिलेगा।” इससे पहले पीएम मोदी ने ट्वीट कर सभी सार्क देशों को इस वायरस के खिलाफ एकजुट होकर लड़ाई लड़ने का आह्वान किया था। जिसके बाद अब कई देशों ने भारतीय प्रधानमंत्री की मुहिम का समर्थन किया।
श्रीलंकाई राष्ट्रपति गोटबया राजपक्षे ने ट्वीट कर लिखा कि कोरोना वायरस के मसले पर श्रीलंका बात करने को तैयार है, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऐसे वक्त पर शानदार मुहिम की शुरुआत की है। भूटान के प्रधानमंत्री ने भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मुहिम का समर्थन किया। उन्होंने अपने ट्विटर पर लिखा कि इसे ही नेतृत्व कहते हैं। क्षेत्र के सदस्य के तौर पर हमें साथ आना चाहिए, वरना इससे इकॉनोमी को नुकसान हो सकता है। उसी तरह मालदीव, नेपाल के प्रधानमंत्रियों ने इस पर पीएम मोदी की पहल का स्वागत किया। बता दें भारत में कोरोना वायरस से संक्रमित लोगों की संख्या 93 हो गई है वहीं अब तक इस वायरस से 2 लोगों की मौत भी हो चुकी है।