उत्तर प्रदेश में हार का सामना करने के बाद जयंत चौधरी ने सभी फ्रंटल संगठनों को किया भंग

Summary :

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में भाजपा की एक बार फिर जीत के बाद इतिहास रच दिया। अखिलेश यादव ने राष्ट्रीय लोक दल के साथ गठबंधन कर अपनी किस्मत आजमाई, लेकिन इसके बावजूद उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसी बीच रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी ने एक बड़ा फैसला लिया है।

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में भाजपा की एक बार फिर जीत के बाद इतिहास रच दिया। अखिलेश यादव ने राष्ट्रीय लोक दल के साथ गठबंधन कर अपनी किस्मत आजमाई, लेकिन इसके बावजूद उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसी बीच रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी ने एक बड़ा फैसला लिया है।
पार्टी अध्यक्ष के निदेर्शानुसार रालोद यूपी के प्रदेश, क्षेत्रीय, जिला व सभी फ्रंटल संगठनों को भंग कर दिया गया है। रालोद के आधिकारिक पेज से जानकारी दी गई। रालोद की तरफ से कहा गया है, राष्ट्रीय लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी जयंत सिंह जी के निदेर्शानुसार राष्ट्रीय लोकदल उत्तर प्रदेश के प्रदेश, क्षेत्रीय और जिला व सभी फ्रंटल संगठनों को तत्काल प्रभाव से भंग किया जाता है।
इस चुनाव में बीजेपी गठबंधन को कुल 273 विधानसभा सीटों पर जी त मिली। साथ ही सपा गठबंधन को कुल 125 सीटें मिली हैं, हालांकि राष्ट्रीय लोकदल को केवल आठ सीट तो वहीं सुभासपा को केवल छह सीट पर ही संतोष करना पड़ा।
उत्तरप्रदेश में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद यह कहा जा सकता है कि रालोद की तरफ से यह फैसला लिया गया है। इसके अलावा 21 मार्च को राष्ट्रीय लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी जयंत सिंह की उपस्थिति में राष्ट्रीय लोकदल के सभी नवनिर्वाचित विधायकों की बैठक दोपहर 12 बजे होगी।

Desk Team