आसियान के साथ साझेदारी मजबूत करेगा क्वाड, मुक्त और खुले हिंद-प्रशांत पर बनी सहमति

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नई दिल्ली/मनीला, 22 जुलाई (आईएएनएस)। आसियान की बैठक से इतर भारत, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और जापान के विदेश मंत्रियों ने एक अहम बैठक की। इसके बाद एक संयुक्त बयान जारी किया गया। बयान में सबसे ज्यादा जोर मुक्त एवं खुले इंडो-पैसेफिक पर दिया गया। आसियान के साथ सहयोग को और मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई गई। यह संयुक्त बयान भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर, ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग, जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी और अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो की ओर से जारी किया गया। विदेश मंत्रालय (एमईए) ने संयुक्त बयान को साझा किया है।…

नई दिल्ली/मनीला, 22 जुलाई (आईएएनएस)। आसियान की बैठक से इतर भारत, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और जापान के विदेश मंत्रियों ने एक अहम बैठक की। इसके बाद एक संयुक्त बयान जारी किया गया। बयान में सबसे ज्यादा जोर मुक्त एवं खुले इंडो-पैसेफिक पर दिया गया। आसियान के साथ सहयोग को और मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई गई।

यह संयुक्त बयान भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर, ऑस्ट्रेलिया की विदेश मंत्री पेनी वोंग, जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी और अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रूबियो की ओर से जारी किया गया।

विदेश मंत्रालय (एमईए) ने संयुक्त बयान को साझा किया है। इसके अनुसार, आसियान के व्यापक रणनीतिक साझेदार के रूप में चारों देशों के विदेश मंत्रियों ने बुधवार को मनीला में बैठक कर मुक्त और खुले हिंद-प्रशांत क्षेत्र को मजबूत बनाने के साथ ही आसियान की एकता और केंद्रीय भूमिका के प्रति अपने अटूट समर्थन की पुष्टि की।

बयान में कहा गया कि क्वाड देशों की क्षेत्र की सफलता में गहरी भागीदारी है और वे आसियान तथा उसके सदस्य देशों के साथ सहयोग को और सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

क्वाड नेताओं ने क्षेत्रीय चुनौतियों और अवसरों पर भी चर्चा की। उन्होंने समुद्री एवं अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा, आर्थिक समृद्धि और सुरक्षा, महत्वपूर्ण एवं उभरती प्रौद्योगिकियों तथा मानवीय सहायता एवं आपदा प्रतिक्रिया जैसे साझा प्राथमिकता वाले क्षेत्रों के माध्यम से आसियान आउटलुक ऑन द इंडो-पैसिफिक (एओआईपी) के व्यावहारिक क्रियान्वयन को मजबूत करने पर सहमति जताई।

संयुक्त बयान में यह भी कहा गया कि चारों देश इस विश्वास में एकजुट हैं कि हिंद-प्रशांत के समुद्री क्षेत्र में शांति और स्थिरता ही पूरे क्षेत्र की सुरक्षा और समृद्धि की आधारशिला है।

विदेश मंत्री ने एक्स पर भी इस बैठक में साझा किए गए विचारों का उल्लेख किया। अपने पोस्ट में जयशंकर ने कहा, “मनीला में आयोजित क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक में शामिल होकर खुशी हुई।”

उन्होंने आगे लिखा, “बैठक में हिंद-प्रशांत क्षेत्र की मौजूदा स्थिति की समीक्षा की गई और हालिया घटनाक्रमों पर चर्चा हुई। साथ ही, नई दिल्ली में हाल ही में हुई क्वाड बैठक के निर्णयों और उनके क्रियान्वयन की भी समीक्षा की गई। हमने आसियान की केंद्रीय भूमिका को स्वीकार करते हुए मुक्त और खुले हिंद-प्रशांत क्षेत्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।”

–आईएएनएस

केआर/

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