पाकिस्तान ने भारतीय नागरिक कुलभूषण जाधव के लिए भारत को दूसरे कॉन्सुलर एक्सेस देने की मांग को मान लिया है। कुलभूषण जाधव से मिलने के लिए दो अधिकारियों को अनुमति दी गई है। भारत ने पाकिस्तान से बिना किसी शर्त के कॉन्सुलर एक्सेस की मांग की थी।
भारत ने इंटरनेशनल कोर्ट ऑफ जस्टिस (आईसीजे) में रिव्यू पीटिशन दायर करने से पहले भारत ने पाकिस्तान से यह मांग की थी। गौरतलब है कि पाकिस्तान ने दावा किया था कि 17 जून, 2020 को कुलभूषण जाधव को उनकी सजा और सजा पर पुनर्विचार के लिए एक याचिका दायर करने के लिए आमंत्रित किया गया था।
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लेकिन कुलभूषण ने अपने कानूनी अधिकार का प्रयोग करते हुए सजा और सजा पर पुनर्विचार याचिका दायर करने से इनकार कर दिया। इसके बाद भारत ने पिछले गुरुवार को कहा कि कुलभूषण से संबंधित मामले में सभी कानूनी विकल्पों का आकलन कर रहा है। पाकिस्तान की अदालत ने जाधव को मौत की सजा सुनाई है।
गौरतलब है कि कुलभूषण को कथित तौर पर 3 मार्च, 2016 को पाकिस्तानी सुरक्षा बलों द्वारा बलूचिस्तान से गिरफ्तार किया गया था, क्योंकि उन्होंने कथित तौर पर ईरान से पाकिस्तान में प्रवेश किया था, जैसा कि पाकिस्तान द्वारा दावा किया गया जाता है। जाधव की जासूसी और अन्य गतिविधियों में शामिल होने के पाकिस्तान के आरोपों को भारत ने खारिज कर दिया।


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