UPSC IPS Success Story: कहते हैं न “जीवन में कुछ करना है तो मन को मारे मत बैठो, आगे-आगे बढ़ना है तो हिम्मत हारे मत बैठो।” मुजफ्फरपुर (बिहार) के लाल सईम रजा की कहानी भी कुछ ऐसी ही है, जिन्होंने अपने एक सपने को पूरा करने के लिए सबकुछ झोंक दिया। लाखों की नौकरी छोड़, उन्होंने सिविल सेवा को चुना। सईम की कहानी आज उन लाखों युवकों को प्रेरणा देती है, जो अपने लक्ष्य को पूरा करने में लगे हुए हैं। उनकी कहानी सिखाती है कि अगर जिंदगी में कुछ करने का ठान लिया जाएं, तो आप उसे जरूर पूरा कर सकते हैं।
UPSC Success Story: कामयाबी के पीछे माता-पिता का बड़ा सपोर्ट
बिहार के रहने वाले सईम रजा के पिता मुनावर रजा भारतीय स्टेट बैंक (SBI) बैंक से रिटायर्ड और मां गृहणी हैं। सईम की कामयाबी के पीछे उनके माता-पिता का बहुत बड़ा सपोर्ट और भरोसा है। जब सईम ने 12 लाख की नौकरी छोड़ने का फैसला लिया, तो माता-पिता को भरोसा था कि बेटा जो कुछ करने जा रहा है, अच्छा ही करेगा। इसी भरोसे और सपोर्ट की बदौलत आज वह इस मुकाम पर पहुंचे है।
UPSC IPS Sayem Raza Success Story: 5 साल टेक कंपनी में की नौकरी

सईम की शुरुआती पढ़ाई मुजफ्फरपुर में ही हुई। इसके बाद वे इंजीनियरिंग करने बेंगलुरु गए, वहां उन्होंने बीटेक की पढ़ाई की। इसके कुछ समय बाद ही उन्हें अच्छा सैलरी पैकेज मिल गया। बेंगलुरु की एक कंपनी में वह बतौर डेटा साइंटिस्ट पद पर नौकरी करने लगे। इसमें उनका सालाना सैलरी पैकेज 12 लाख रुपये हो गया था। उन्होंने टेक कंपनी में करीब पांच साल नौकरी की।
लाखों की नौकरी छोड़ UPSC की राह चुनी
कोरोना वायरस के समय सईम अपने माता-पिता के पास वापस लौट आए। हालांकि तब तक भी उन्होंने नौकरी नहीं छोड़ी थी, वह वर्क फ्रॉम होम करते थे। भले ही डेटा साइंटिस्ट की जॉब में उन्हें लाखों का पैकेज मिलता था, लेकिन वह संतुष्ट नहीं थे। उनके दिमाग में ये बात चलती थी कि कुछ ऐसा करना है जिससे आम लोगों की भलाई हो। तब उन्होंने नौकरी को छोड़कर UPSC सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करने का फैसला लिया।
बिना कोचिंग की UPSC की तैयारी
सईम ने अपने पिता को नौकरी छोड़ने और लोगों की सेवा के लिए सिविल सेवा की तैयारी करने के बारे में बताया। पिता भी बेटे के इस फैसले से खुश हुए और उन्होंने बेटे को पूरा सपोर्ट किया। सईम ने लाखों सैलरी पैकेज छोड़, बिना कोचिंग जाए घर पर UPSC सिविल सेवा की तैयारी शुरू कर दी। उन्होंने करीब तीन साल तक दिन-रात परीक्षा की तैयारी के लिए कड़ी मेहनत की।
Success Story Of IPS Sayem Raza:बिहार में मिला कैडर का पद

माता-पिता के सपोर्ट और दोस्तों के भरोसे से प्रेरित होकर, यूपीएससी सईम के लिए सिर्फ एक परीक्षा नहीं बल्कि जुनून बन गया। सईम ने 2023 में पहली बार यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा दी और जनरल कैटेगरी से 188वीं ऑल इंडिया रैंक हासिल कर IPS अधिकारी बने। उन्हें अपने गृह राज्य बिहार में कैडर मिला। सईम अब युवाओं को प्रेरित और मोटिवेट कर रहे हैं।
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