इन देशों में क्रिप्टो का मार्किट कैप है, GDP से भी ज़्यादा

Summary :

क्रिप्टो की ग्लोबल मार्केट कैप 3.59 ट्रिलियन डॉलर के करीब पहुंच गई हैं, जो कई देशों की GDP को पीछे छोड़ चुका है। तुर्की, इंडोनेशिया और स्पेन जैसी अर्थव्यवस्थाओं की GDP क्रिप्टो के मार्केट कैप के सामने काफी कम है। बिटकॉइन ने सिल्वर को पछाड़ते हुए दुनिया की 7वीं सबसे बड़ी एसेट क्लास का स्थान हासिल कर लिया है। मौजूदा समय में बिटकॉइन का मार्केट कैप 1.94 ट्रिलियन डॉलर के पार हो गया है, जो लगातार बढ़ता जा रहा है। बिटकॉइन ने मेटा के 1.472 ट्रिलियन डॉलर के मार्केट कैप को भी पीछे छोड़ दिया है। स्पेन, जो दुनिया की…

क्रिप्टो की ग्लोबल मार्केट कैप 3.59 ट्रिलियन डॉलर के करीब पहुंच गई हैं, जो कई देशों की GDP को पीछे छोड़ चुका है।

तुर्की, इंडोनेशिया और स्पेन जैसी अर्थव्यवस्थाओं की GDP क्रिप्टो के मार्केट कैप के सामने काफी कम है।

बिटकॉइन ने सिल्वर को पछाड़ते हुए दुनिया की 7वीं सबसे बड़ी एसेट क्लास का स्थान हासिल कर लिया है।

मौजूदा समय में बिटकॉइन का मार्केट कैप 1.94 ट्रिलियन डॉलर के पार हो गया है, जो लगातार बढ़ता जा रहा है।

बिटकॉइन ने मेटा के 1.472 ट्रिलियन डॉलर के मार्केट कैप को भी पीछे छोड़ दिया है।

स्पेन, जो दुनिया की 15वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है, उसकी GDP 1.73 ट्रिलियन डॉलर है जो की बिटकॉइन से कम है।

इंडोनेशिया की GDP 1.4 ट्रिलियन डॉलर और तुर्की की GDP 1.34 ट्रिलियन डॉलर है, दोनों ही बिटकॉइन से पीछे हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि बिटकॉइन और क्रिप्टो बाजार में तेजी जारी रहेगी, जिससे इसका मार्केट कैप और बढ़ता रहेगा।

ऐसा हो सकता है की आने वाले दिनों में बिटकॉइन का मार्केट कैप ऑस्ट्रेलिया और मैक्सिको जैसे देशों की GDP को भी पार कर सकता है।

Team Desk