दिल्ली में महोत्सव के आयोजन को आदिल हुसैन ने बताया खुशी का पल बोमन ईरानी ने अभिनय व ‌स्क्रिप्ट राइटिंग की बारीकियां बतायी

Summary :

Adil Hussain at Delhi Event: अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में शुक्रवार को अभिनेता बोमन ईरानी व आदिल हुसैन, लेखक-निर्देशक जितिन के. जोस, अभिनेता जिष्णु श्रीकुमार और अभिनेत्री गिरिजा ओक गोडबोले ने शिरकत की। बोमन ईरानी ने अभिनय व ‌स्क्रिप्ट राइटिंग की बारीकियां बतायी तो अभिनेता आदिल हुसैन ने ‌राजधानी दिल्ली में इस आयोजन का महत्व बताया। बोमन ईरानी ने बताया कि स्क्रिप्ट में इमोशन कैसे भरे जाते हैं जो दर्शकों को जगाते हैं। उन्होंने बताया कि लेखक फिल्म के चरित्रों के अनुसार सोचकर स्क्रिप्ट लिखता है।स्क्रिप्ट लेखन के दौरान ही उसमें चरित्रों की विशेषता व कहानी के उतार-चढ़ाव पिरोये जाते हैं।…

Adil Hussain at Delhi Event: अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में शुक्रवार को अभिनेता बोमन ईरानी व आदिल हुसैन, लेखक-निर्देशक जितिन के. जोस, अभिनेता जिष्णु श्रीकुमार और अभिनेत्री गिरिजा ओक गोडबोले ने शिरकत की। बोमन ईरानी ने अभिनय व ‌स्क्रिप्ट राइटिंग की बारीकियां बतायी तो अभिनेता आदिल हुसैन ने ‌राजधानी दिल्ली में इस आयोजन का महत्व बताया। बोमन ईरानी ने बताया कि स्क्रिप्ट में इमोशन कैसे भरे जाते हैं जो दर्शकों को जगाते हैं। उन्होंने बताया कि लेखक फिल्म के चरित्रों के अनुसार सोचकर स्क्रिप्ट लिखता है।स्क्रिप्ट लेखन के दौरान ही उसमें चरित्रों की विशेषता व कहानी के उतार-चढ़ाव पिरोये जाते हैं। उन्होंने कहा ‌कि यदि कहानी में कनफ्लिक्ट नहीं ‌होगा तो दर्शक रुचि नहीं लेंगे। वहीं अभिनेता आदिल हुसैन ने कहा कि वे अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव का हिस्सा बनकर गर्व महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम सभी बहुत खुश हैं क्योंकि आखिरकार दिल्ली में फिल्म महोत्सव का आगाज हुआ है।

सिनेमा हमें अलग-अलग पहलू से रूबरू कराता है

यह सिर्फ फिल्म महोत्सव नहीं है बल्कि फिल्म मेकिंग का इकोसिस्टम है, जो हमें सिनेमा के अलग-अलग पहलू से रूबरू कराता है। हमें उम्मीद है कि न सिर्फ भारत से बल्कि अलग-अलग देशों से भी लोग इससे जुड़ेंगे।अन्नपूर्णा स्टूडियो के सीटीओ, सीवी राव ने भी अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में शिरकत की। फिल्म में बढ़ती एआई की मांग पर सीवी राव ने कहा कि हम पूरी फिल्मों में नहीं, बल्कि वीएफएक्स में एआई का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे शॉर्ट को और ज्यादा वास्तविक बनाया जा बना सके। कभी-कभार कुछ लोकेशन पर शूटकर पाना संभव नहीं होता है और ऐसे में वीएफएक्स और एआई के साथ बेहतरीन शॉट्स बनाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि फिल्म को बनाने से पहले एक बेहतरीन स्क्रिप्ट पर ध्यान देना जरूरी होता है। बेहतरीन स्क्रिप्ट के साथ ही अच्छी फिल्म बनाई जा सकती है।

फिल्म महोत्सव का आगाज सिनेमा को नई दिशा

वहीं हिंदी सिनेमा की अभिनेत्री गिरिजा ओक गोडबोले ने कहा कि दिल्ली में फिल्म महोत्सव का आगाज सिनेमा को नई दिशा दे सकता है क्योंकि अभी तक दिल्ली या गोवा में फिल्म महोत्सव रखे जाते थे, लेकिन अब देश की राजधानी में इसका आयोजन नए आयाम स्थापित कर सकता है। दक्षिण अभिनेता जिष्णु श्रीकुमार और लेखक-निर्देशक जितिन के. जोस ने कहा कि पहले भी वे कई फिल्म उत्सव का हिस्सा बने हैं, लेकिन दिल्ली में पहली बार अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव की शुरुआत सिनेमा के लिए अच्छी साबित हो सकती है। उन्होंने कहा कि यहां कई अलग-अलग फिल्मों की स्क्रीनिंग हो रही है और यह देखकर अच्छा लग रहा है कि सिनेमा से जुड़े लोगों को नया मंच मिल रहा है।

Also Read: सफदरजंग अस्पताल में एडवांस्ड टीईई मशीन से कार्डियक केयर मजबूत

Kajal Yadav

काजल यादव पत्रकारिता में पिछले 2 वर्षों से सक्रिय हैं। वास्तु, ट्रैवल , वायरल, हेल्थ और लाइफस्टाइल के अलावा आद्यात्मिक खबरें लिखना पसंद करती हैं। रामा विश्वविद्यालय (कानपुर) से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद दीनार टाइम्स (कानपुर) से पत्रकारिता की शुरुआत करते हुए बत्तौर 'सोशल मीडिया' संभालने से लेकर 'वॉइस ओवर' के रूप में काम किया। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रही हैं। कानपुर में जन्म लेने वाली काजल की शिक्षा उनके गृह जिले में ही हुई है।