BRICS Summit 2026 : नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित हो रहे 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन को ध्यान में रखते हुए दिल्ली पुलिस ने व्यापक ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है। विदेशी प्रतिनिधियों के आगमन और वीवीआईपी आवाजाही को देखते हुए शनिवार, 12 सितंबर की रात 8:15 बजे से रात 11:00 बजे तक मध्य दिल्ली और लुटियंस जोन के कई प्रमुख मार्गों पर वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित व परिवर्तित किया जाएगा।
पुलिस द्वारा जारी रूट मैप के अनुसार, इस दौरान भारत मंडपम के आसपास के पूरे इलाके को सामान्य ट्रैफिक के लिए ‘प्रतिबंधित क्षेत्र’ घोषित किया गया है।
ये प्रमुख मार्ग रहेंगे प्रभावित
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, मध्य दिल्ली, नई दिल्ली और लुटियंस जोन के प्रमुख कॉरिडोर पर एक्सेस प्रतिबंधित रहेगा। इनमें सरदार पटेल मार्ग, मदर टेरेसा क्रीसेंट, तीन मूर्ति मार्ग, अकबर रोड, इंडिया गेट गोलचक्कर, मथुरा रोड और भैरों मार्ग से जुड़ने वाले रास्ते शामिल हैं। इन सड़कों को ‘कंट्रोल रोड’ के रूप में चिह्नित किया गया है, जहां केवल अधिकृत वाहनों को ही जाने की अनुमति होगी।
वैकल्पिक मार्ग और मेट्रो के इस्तेमाल की सलाह
आम जनता की आवाजाही में कम से कम बाधा आए, इसके लिए पुलिस ने रिंग रोड और बाहरी मुख्य सड़कों के जरिए ट्रैफिक को डायवर्ट करने का इंतजाम किया है।
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🔸In view of the BRICS Summit 2026, traffic diversions and regulated movement will be in place across key Delhi routes on September 12, from 8:15 PM to 11:00 PM.
🔹Plan ahead, use the Metro wherever possible, follow diversion routes and traffic personnel’s directions, and allow… pic.twitter.com/HUJgjCqDCs
— Delhi Police (@DelhiPolice) September 11, 2026
दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर एडवाइजरी साझा करते हुए लोगों से अपील की है कि वे अपनी यात्रा की योजना समय से पहले बनाएं और सड़क जाम से बचने के लिए अधिक से अधिक दिल्ली मेट्रो का उपयोग करें।
आपातकालीन सेवाओं को मिलेगी छूट
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि ट्रैफिक पाबंदियों के दौरान भी एम्बुलेंस और अन्य आपातकालीन व आवश्यक सेवाओं के वाहनों को बिना किसी रुकावट के निर्बाध रास्ता दिया जाएगा।
बता दें कि भारत अपनी ब्रिक्स अध्यक्षता 2026 के तहत 12 और 13 सितंबर को इस शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है, जिसका मुख्य विषय “बिल्डिंग फॉर रेजिलिएंस, इनोवेशन, कोऑपरेशन एंड सस्टेनेबिलिटी” है।
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