बिना कर बढ़ाए निगम चलाना मुश्किल

Summary :

बगैर यूनिट एरिया वैल्यू में बढ़ोतरी और संपत्तिकर की दर में इजाफा किए निगम को चलाना मुश्किल है। पिछले कुछ सालों से लगातार दिल्ली सरकार निगम के फंड में कटौती कर रही है।

नई दिल्ली : बगैर यूनिट एरिया वैल्यू में बढ़ोतरी और संपत्तिकर की दर में इजाफा किए निगम को चलाना मुश्किल है। पिछले कुछ सालों से लगातार दिल्ली सरकार निगम के फंड में कटौती कर रही है। ऐसे में ये प्रस्ताव काफी जायज है। यह बात उत्तरी दिल्ली नगर निगम की आयुक्त वर्षा जोशी ने सोमवार को 2020-21 के प्रस्तावित बजट के दौरान कही। 
आयुक्त वर्षा जोशी की ओर से निगम के अंतर्गत आने वाली सभी श्रेणी की कॉलोनियों का संपत्ति कर बढ़ाना प्रस्तावित किया है। निगम आयुक्त ने संपत्तिकर यूनिट एरिया वैल्यू में 33 फीसदी का इजाफा किया है। बता दें कि वर्ष 2004 के बाद से एक यूनिट एरिया वैल्यू में एक बार भी इजाफा नहीं किया गया है। 
इसी के साथ संपत्ति कर पर संपत्ति की वार्षिक वैल्यू का 1 प्रतिशत शिक्षा उपकर भी बजट में प्रस्तावित है। इसके अतिरिक्त संपत्ति कर की वार्षिक मूल्य पर 15 प्रतिशत बेहतरी कर भी लगाने का प्रस्ताव भी निगम आयुक्त द्वारा दिया गया है। 

870 करोड़ की बढ़ जाएगी आय
आयुक्त वर्षा जोशी ने व्यवसायिक इलाकों में संपत्ति कर दोगुना बढ़ा दिया है। फिलहाल ए, बी श्रेणी से 15, सी, डी, ई श्रेणी से 12, एफ, जी, एच श्रेणी से 10 प्रतिशत की दर से संपत्तिकर लिया जाता था। लेकिन आयुक्त ने इन तीनों श्रेणियों पर 20 प्रतिशत की दर संपत्तिकर वसूलने का प्रस्ताव रखा है। 
यूनिट एरिया वैल्यू में एक साथ 33 प्रतिशत का इजाफा करने से उत्तरी दिल्ली नगर निगम को 220 करोड़ रुपए की आय होगी। संपत्तिकर पर 15 प्रतिशत की बेहतरी कर लगाने से 450 करोड़ और अन्य कर लगाने से कुल निगम 870 करोड़ रुपए की आय होगी। 
इसके तीनों श्रेणियों पर पेशेवर कर भी लगाया जाएगा। निगम को 100 करोड़ रुपए की आय होगी। 2.5 लाख से 5 लाख रुपए तक की वार्षिक आय वालों को 1200 प्रतिवर्ष लिया जाएगा।
संपत्तिकर की दर बढ़ा रही नॉर्थ एमसीडी
अगर उत्तरी दिल्ली नगर निगम (नॉर्थ एमसीडी) की स्थायी समिति और सदन की बैठक ने आयुक्त वर्षा जोशी के प्रस्ताव पर मुहर लगा दी तो उत्तरी दिल्ली नगर निगम के क्षेत्र में रहने वाले लोगों को अगामी वित्तिय वर्ष में संपत्तिकर अधिक चुकाना होगा। 
सोमवार को उत्तरी दिल्ली नगर निगम का बजट प्रस्ताव रखते हुए आयुक्त वर्षा जोशी ने कमर्शियल प्रॉपर्टी टैक्ट में 5 प्रतिशत और सामान्य प्रॉपर्टी टैक्स में 2 प्रतिशत बढ़ाने की सिफारिश की है। हालांकि इसके अलावा आयुक्त वर्षा जोशी ने प्रॉपर्टी टैक्स में इजाफा के साथ अन्य कई चीजों के बढ़ाने की भी योजनाएं पेश की। 

Desk Team