महाशिवरात्रि 2026 पर ये 8 छोटी गलतियां पड़ सकती है भारी, पूजा से पहले जान लें नियम

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Mahashivratri 2026 ke Niyam: फाल्गुन महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को महाशिवरात्रि का पर्व बड़ी ही धूमधाम के साथ मनाया जाता है। यह त्योहार भगवान शिव और माता पार्वती के दिव्य विवाह को समर्पित है। यह दिन शिव और शक्ति के एकाकार होने का प्रतीक है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन शिवलिंग पर बेलपत्र चढ़ाने से महादेव प्रसन्न होते हैं और भक्तों के जीवन से रोग, भय और दुखों का नाश होता है। सौभाग्य और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के लिए महिलाएं विशेष रूप से महाशिवरात्रि के दिन व्रत और पूजा-पाठ करती हैं। वर्ष 2026 में महाशिवरात्रि…

Mahashivratri 2026 ke Niyam: फाल्गुन महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी को महाशिवरात्रि का पर्व बड़ी ही धूमधाम के साथ मनाया जाता है। यह त्योहार भगवान शिव और माता पार्वती के दिव्य विवाह को समर्पित है। यह दिन शिव और शक्ति के एकाकार होने का प्रतीक है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन शिवलिंग पर बेलपत्र चढ़ाने से महादेव प्रसन्न होते हैं और भक्तों के जीवन से रोग, भय और दुखों का नाश होता है।
सौभाग्य और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के लिए महिलाएं विशेष रूप से महाशिवरात्रि के दिन व्रत और पूजा-पाठ करती हैं। वर्ष 2026 में महाशिवरात्रि का पर्व 15 फरवरी को मनाया जाएगा। इस दिन कई शुभ संयोग बन रहे हैं, इसलिए व्रत रखने वाले साधकों के लिए पूजा के नियमों का पालन करना अत्यंत फलदायी होगा। अगर आप भी इस बार महाशिवरात्रि का व्रत रखने जा रहे हैं, तो आपके लिए Mahashivratri 2026 Puja Niyam जानना बेहद जरूरी है। इस दिन की गई एक छोटी सी भूल भी आपको पाप का भागीदार बना सकती है, इसलिए Mahashivratri 2026 ke din kya kare kya na kare इसकी पूरी जानकारी इस लेख में बताई गई है।

Mahashivratri 2026 ke Niyam: महाशिवरात्रि के दिन क्या करना होगा शुभ?

Mahashivratri 2026 ke Niyam
Mahashivratri 2026 ke Niyam (Image: AI Generated)
  • महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर सुबह जल्दी उठकर किसी पवित्र नदी में स्नान करें और साफ वस्त्र धारण करें।
  • शिव मंदिर में जाकर या घर की मंदिर में ही, माता पार्वती को लाल चुनरी, चूड़ियां और कुमकुम जैसे सुहाग का समान अर्पित करें। इसके बाद महादेव से सुखद वैवाहिक जीवन की प्रार्थना करें। ऐसा करने से विवाह में आने वाली अड़चनें दूर होती है।
  • दूध में केसर मिलाकर शिवलिंग का अभिषेक करें और “ॐ नमः शिवाय” का जाप करें। इससे ग्रहों की नकारात्मकता कम होती है।
  • महाशिवरात्रि पर भोलेनाथ को प्रसन्न करने के लिए जल, दूध, दही, घी, शहद और शक्कर से बना पंचामृत, बेलपत्र, भांग, धतूरा, अपराजिता के फूल, चंदन और भस्म अर्पित करें।
  • महाशिवरात्रि के दिन शिव-शक्ति के संयुक्त मंत्रों का श्रद्धापूर्वक जाप करें।
  • जो लोग व्रत रखने वाले हैं, वे फलाहार भोजन का सेवन करें।

Mahashivratri 2026: महाशिवरात्रि के दिन भूलकर भी न करें ये 8 गलतियां

Mahashivratri 2026 ke Niyam
Mahashivratri 2026 ke Niyam (Image: AI Generated)
  1. पूजा के दौरान शिवलिंग पर टूटे हुए चावल (अक्षत) न चढ़ाएं।
  2. शिवजी की पूजा में शंख का उपयोग न करें।
  3. भोजन में साधारण नमक के बजाय सेंधा नमक का ही उपयोग करें।
  4. इस दिन किसी को अपशब्द न कहें, न ही किसी से झूठ बोलें।
  5. इस दिन शराब का सेवन भूलकर भी न करें।
  6. काले या गहरे नीले रंग के कपड़े पहनने से बचें, सफेद या पीले वस्त्र पहनें।
  7. शिवलिंग पर तुलसी, केतकी का फूल, हल्दी, कुमकुम और नारियल पानी भूलकर भी न चढ़ाएं।
  8. महाशिवरात्रि की पवित्रता बनाए रखने के लिए तामसिक भोजन जैसे मांस, लहसुन और प्याज से पूरी तरह परहेज करें।

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Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।