सरकार ने डिलीट किए 2.5 करोड़ मृतकों के आधार कार्ड, जानिए समय समय पर क्यों जरूरी हैं ये डिलीशन

Summary :

Aadhaar Card Deactivation News : भारत में लगभग 134 करोड़ लोगों के पास आधार कार्ड हैं। आधार कार्ड सरकार की नजर में मेंडेटरी है क्योंकि यह लोगों को ठगी से बचाने और यूनीक आइडेंटिफिकेशन देता है, जो आज के समय में सबसे जरूरी है। मगर जब इंसान ही न रहे तब उनके आधार कार्ड का होता क्या है? चलिए इसका जवाब दे देते हैं। जब इंसान की मृत्यु हो जाती है तो सरकार उनके आधार कार्ड को डिलीट कर देती है, जैसा बीते दिनों किया गया। भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने 2.5 करोड़ लोगों के आधार डेटाबेस से डीऐक्टवेट…

Aadhaar Card Deactivation News : भारत में लगभग 134 करोड़ लोगों के पास आधार कार्ड हैं। आधार कार्ड सरकार की नजर में मेंडेटरी है क्योंकि यह लोगों को ठगी से बचाने और यूनीक आइडेंटिफिकेशन देता है, जो आज के समय में सबसे जरूरी है। मगर जब इंसान ही न रहे तब उनके आधार कार्ड का होता क्या है? चलिए इसका जवाब दे देते हैं। जब इंसान की मृत्यु हो जाती है तो सरकार उनके आधार कार्ड को डिलीट कर देती है, जैसा बीते दिनों किया गया।

भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने 2.5 करोड़ लोगों के आधार डेटाबेस से डीऐक्टवेट किए हैं। UIDAI ने यह फैसला बेहतर एक्युरेसी और सरकारी योजनाओं के मिसयूज को रोकने के लिए लिया है. आइए इसके बारे में डिटेल्स में जानते हैं.

Aadhaar Card Deactivation News : लोकसभा में मंत्री ने दिया बयान

Aadhaar Card Deactivation News
Aadhaar Card Deactivation News (source : social media)

सटीक डेटाबेस बनाए रखने के मकसद से किए गए इस बड़े सफाई अभियान की पुष्टि केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री, जितिन प्रसाद ने बुधवार 4 फरवरी को लोकसभा में एक बयान में की। इस सफाई अभियान का मुख्य मकसद उन सभी कमियों को खत्म करना है जिनसे व्यक्तिगत पहचान का गलत इस्तेमाल हो सकता है।

इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय के बयान के अनुसार, यह डीएक्टिवेशन जरूरी है क्योंकि किसी व्यक्ति की मृत्यु होने पर, यह जरूरी है कि उसके आधार नंबर को डीएक्टिवेट कर दिया जाए ताकि पहचान की धोखाधड़ी को रोका जा सके, और यह कल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाने के लिए ऐसे आधार नंबर के किसी भी अनधिकृत उपयोग को रोकने में भी मदद करता है।

पुराने रिकॉर्ड हटाने के अलावा, मंत्रालय ने सिस्टम को सुरक्षित रखने के लिए अभी मौजूद कई टेक्नोलॉजिकल सुरक्षा उपायों के बारे में भी बताया। उदाहरण के लिए, बायोमेट्रिक लॉक/अनलॉक फीचर यूज़र्स को अपना डेटा “लॉक” करने की सुविधा देता है, जिसे बयान में “किसी भी अनधिकृत ऑथेंटिकेशन की कोशिश को रोकने” में एक बड़ा कदम बताया गया है।

दरअसल ऐसा करने का एक बाद कारण यह सुनिश्चित करना है कि सरकारी सुविधाओं का लाभ सिर्फ लाभार्थियों तक ही पहुंचे।

Government Cancels 2.5 Crore Aadhaar : ऑनलाइन सेवा: ‘रिपोर्टिंग ऑफ डेथ’

Aadhaar Card Deactivation News
Aadhaar Card Deactivation News (source : social media)

बता दें, UIDAI ने जून 2025 में ‘Reporting of Death of a Family Member’ नामक एक ऑनलाइन सेवा शुरू की थी. इसके जरिए परिवार के सदस्य आसानी से मृतक का आधार निष्क्रिय करा सकते हैं. इसके लिए जरूरी है कि परिजन मृतक का आधार कार्ड, मृत्यु प्रमाण पत्र, डॉक्टर का मेडिकल स्टेटमेंट और रिश्ते का प्रमाण पत्र जैसे दस्तावेज तैयार रखें.

यह भी पढ़ें – 933 रिक्त पदों पर अधिसूचना जारी, परीक्षा के लिए 12 बड़े बदलाव, जानें आवेदन की अंतिम तारीख

Rohit Singh

रोहित सिंह पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। राजनीति, समाज, अंतर्राष्ट्रीय, अपराध और शैक्षणिक लेख लिखने में दिलचस्पी रखते हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय से पोलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन और जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं।