पालघर, 8 अगस्त (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के पालघर जिले में मूसलाधार बारिश और बाढ़ से प्रभावित परिवारों, दुकानदारों और टपरीधारकों के लिए जिला प्रशासन ने राहत का बड़ा कदम उठाया है। राहत एवं पुनर्वास विभाग के माध्यम से प्रभावित नागरिकों को आर्थिक सहायता देने के लिए 39.86 करोड़ रुपए की राशि मंजूर की गई है।
प्रशासन ने राहत वितरण की प्रक्रिया तेज कर दी है और अब तक 15,190 लाभार्थियों को 22.77 करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता वितरित की जा चुकी है।
जिला प्रशासन के मुताबिक, मंजूर किए गए कुल 39.86 करोड़ में से अतिवृष्टि से प्रभावित परिवारों के लिए 29.87 करोड़ रुपए तथा प्राकृतिक आपदा के कारण व्यवसाय और आजीविका प्रभावित हुए दुकानदारों के लिए 9.99 करोड़ रुपए मंजूर किए गए हैं।
पारिवारिक सहायता श्रेणी के तहत अब तक जिले के 15,190 लाभार्थियों को 22.77 करोड़ वितरित किए गए हैं। इनमें सबसे अधिक सहायता डहाणू तालुका में दी गई है। डहाणू में 5,321 लाभार्थी के लिए 7.98 करोड़ रुपए, वसई में 5,000 लाभार्थी के लिए 7.50 करोड़ रुपए, पालघर में 3,255 लाभार्थी के लिए 4.88 करोड़ रुपए, तलासरी के लिए 1,550 लाभार्थी के लिए 2.32 करोड़ रुपए, वाडा में 64 लाभार्थी के लिए 8.28 लाख रुपए वितरित किए गए।
वहीं, शेष 7,707 प्रभावित लाभार्थियों को आर्थिक सहायता देने की प्रक्रिया जारी है। जिला प्रशासन द्वारा राहत राशि का वितरण जल्द पूरा करने के लिए आवश्यक कार्रवाई तेज कर दी गई है। मूसलाधार बारिश और बाढ़ के कारण जिन दुकानदारों और टपरीधारकों के व्यवसाय एवं आजीविका पर असर पड़ा है, उनके लिए भी सरकार ने 9.99 करोड़ रुपए की राशि मंजूर की है।
तालुकानुसार मंजूर राशि में पालघर के लिए 35.95 लाख रुपए, डहाणू के लिए 1.30 करोड़ रुपए, तलासरी के लिए 5.50 लाख रुपए और वसई के लिए 5.025 करोड़ रुपए शामिल हैं।
इस श्रेणी में पात्र दुकानदारों के सत्यापन तथा सहायता वितरण की प्रक्रिया जारी है। प्रशासन का प्रयास है कि पात्र लाभार्थियों तक राहत राशि बिना किसी अनावश्यक देरी के पहुंचाई जाए।
जिला प्रशासन के अनुसार, मंजूर निधि उपलब्ध होने से नुकसान भरपाई और आर्थिक सहायता के वितरण को और गति मिली है। लाभार्थियों का सत्यापन, आवश्यक दस्तावेजों की पूर्ति और सहायता राशि का वितरण पारदर्शी एवं समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए संबंधित विभाग लगातार काम कर रहे हैं।
अतिवृष्टि और बाढ़ से प्रभावित नागरिकों को समय पर आर्थिक सहारा देना तथा प्रभावित परिवारों, दुकानदारों और अन्य आजीविका पर निर्भर लोगों को प्राकृतिक आपदा के प्रभाव से जल्द उबरने में मदद करना इस राहत योजना का मुख्य उद्देश्य है।
–आईएएनएस
एएसएच/डीकेपी
(This content is sourced from a syndicated feed and is published as received. Punjab Kesari assumes no responsibility or liability for its accuracy, completeness, or content.)



Download Android App
Download iOS App



