1 – HUNGER STRIKE : कंपकंपाती ठंड में किसानों की भूख हड़ताल आज, सरकार ने फिर भेजा बातचीत का न्योता
दिल्ली की विभिन्न सीमाओं पर हजारों की संख्या में किसान कड़ाके की सर्दी में बीते करीब चार हफ्ते से प्रदर्शन कर रहे हैं और नए कृषि कानूनों को रद्द करने की मांग कर रहे हैं। किसानों ने आज भूख हड़ताल पर जाने का ऐलान किया है। एक ओर जहां मोदी सरकार कृषि कानूनों को देश के किसानों के हित में बता रही है, वहीं किसान संगठन इसे अहित बता रहे हैं। कंपकंपाती ठंड में भी बीते 25 दिनों से पंजाब-हरियाणा समेत देश के कई हिस्सों से आए हजारों किसान दिल्ली और उसके आसपास की सीमाओं पर डटे हैं। किसान संगठनों ने रविवार को घोषणा की कि वे यहां सभी प्रदर्शन स्थलों पर आज यानी सोमवार को एक दिन की भूख हड़ताल करेंगे और 25 से 27 दिसंबर तक हरियाणा में सभी राजमार्गों पर टोल वसूली नहीं करने देंगे। वहीं, किसानों के इस ऐलान को देखते हुए केंद्र सरकार ने एक बार फिर किसानों को बातचीत का न्योता भेजा है और किसान यूनियनों से तारीख तय करने को कहा है। किसानों और केंद्र के बीच पांचवें दौर की बातचीत के बाद नौ दिसंबर को वार्ता स्थगित हो गई थी क्योंकि किसान यूनियनों ने कानूनों में संशोधन तथा न्यूनतम समर्थन मूल्य जारी रखने का लिखित आश्वासन दिए जाने के केंद्र के प्रस्ताव को मानने से इनकार कर दिया।
2 – WINTER : पहाड़ों में बर्फबारी से उत्तर भारत में शीतलहर, लंदन से भी ठंडा कानपुर
उत्तर भारत में सर्दी का प्रकोप इस कदर है कि लोगों का जीना मुहाल हो गया है। उत्तर भारत में बीते कई दिनों से सर्दी का प्रकोप जारी है और दिल्ली की ठंड ने तो रविवार को रिकॉर्ड ही तोड़ दिया। दिल्ली में इस मौसम का सबसे कम तापमान दर्ज किया गया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार राष्ट्रीय राजधानी में मौसम की सबसे सर्द सुबह रही और तापमान 3.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। इसके अलावा, जम्मू कश्मीर तथा हिमाचल प्रदेश में अधिकतर स्थानों पर तापमान शून्य से नीचे चला गया। दिल्ली में बर्फीली हवाओं का कहर जारी रहेगा। दिल्ली में ठंड इतनी पड़ रही है कि लोग राहत पाने के लिए आग के पास बैठ रहे हैं। एक स्थानीय कुंदन कुमार ने कहा कि पिछले साल से इस साल अधिक ठंड है। इसकी वजह से सुबह में काम करना मुश्किल हो रहा है।
3 – कोरोना वैक्सीन : टीका आपको तो बचाएगा, लेकिन आपके अपनों की सुरक्षा की गारंटी नहीं
कोरोना वायरस का टीका आपको तो संक्रमण से बचाता है मगर लापरवाही बरतने पर आप दूसरों तक संक्रमण फैलाने के वाहक बन सकते हैं। जॉर्ज वॉशिंगटन विश्वविद्यालय की महामारी विशेषज्ञ प्रो. लीना वेन ने यह दावा किया है। उनका कहना है कि लोगों को यह बात समझनी होगी कि कोरोना का टीका उन्हें तो बचाएगा पर यह आपके अपनों की सुरक्षा की गारंटी नहीं है। अगर लोग टीका लगवाने के बाद बचाव के तरीकों का पालन नहीं करेंगे तो वे अपनों के लिए खतरा बन जाएंगे। लीना ने बताया कि फाइजर के टीके के बारे में अभी तक हम यही जानते हैं कि यह कोरोना संक्रमण के लक्षणों को पैदा होने से बचाने में असरदार है। इसके साथ ही टीका लगवाने से मरीज गंभीर रूप से बीमार नहीं होता यानी उसे अस्पताल में भर्ती कराने की आवश्यकता नहीं पड़ती। उन्होंने कहा कि अभी हम इस बारे में नहीं जानते कि क्या यह टीका हमारे शरीर में बिना लक्षण वाला कोरोना संक्रमण पैदा कर सकता है? इस बारे में अभी तक अध्ययन नहीं हुआ है। पर इस बात की संभावना है कि वैक्सीन लगवाने वाला व्यक्ति एसिम्प्टोमैटिक कोरोना संक्रमण का वाहक हो सकता है। उस व्यक्ति के नासिका मार्ग में वायरस हो सकता है, जो उसके बोलने, सांस लेने, छींकने पर दूसरे लोगों तक पहुंच सकता है। इसलिए जरूरी है कि टीका लगवाने के बाद भी सभी मास्क पहनें और शारीरिक दूरी का पालन करें।
4 – भारत-वियतनाम के मजबूत हो रहे रिश्ते, आज दोनों देशों के बीच कई संधि होने की संभावना
चीन के प्रति भारत का नजरिया लद्दाख घटना के बाद बदल गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके वियतनामी समकक्ष गुयेन जुआन फुक के बीच सोमवार को डिजिटल सम्मेलन में रक्षा, ऊर्जा एवं स्वास्थ्य क्षेत्रों समेत समग्र द्विपक्षीय संबधों को और विस्तार देने के लिए कई समझौते एवं कुछ खास घोषणाएं होने की संभावना है। आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी। सूत्रों का कहना है कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र में उभरती स्थिति का मुद्दा चर्चा के दौरान प्रमुख रूप से उठने की उम्मीद है क्योंकि दोनों ही देशों के मुक्त, खुले, शांतिपूर्ण, समृद्ध और नियमाधारित क्षेत्रीय व्यवस्था में साझा हित हैं। उन्होंने बताया कि बैठक में दोनों ही पक्ष भारत-वियतनाम समग्र रणनीतिक साझेदारी के भावी विकास के लिए संयुक्त दृष्टिपत्र जारी कर सकते हैं जिसका लक्ष्य विविध क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने का मार्ग तय करना होगा। बता दें कि भारत और वियतनाम 2016 में अपने द्विपक्षीय संबंध को आगे बढ़ाकर समग्र रणनीतिक साझेदारी तक ले गए थे।
5 – कोरोना वायरस : देश को मिल रही तेजी से राहत, एक्टिव केसों की संख्या में हो रही बड़ी गिरावट
देश में कोरोना वायरस से संक्रमितों की संख्या एक करोड़ 53 लाख 832 हो गई है, लेकिन राहत की बात यह है कि बीमारी को मात देने वालों की संख्या भी 96.02 लाख से अधिक पहुंच गई है और एक्टिव मामले घटकर 3.02 लाख रह गए हैं। विभिन्न राज्यों से रविवार देर रात तक प्राप्त रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 24 घंटे में 22,173 नए मामले सामने आये जिससे संक्रमण का कुल आंकड़ा 1,00,53,832 हो गया। इस दौरान 22,810 मरीजों के स्वस्थ होने से कोरोनामुक्त होने वालों की संख्या 96,02,491 और रिकवरी दर बढ़कर 95.48 फीसदी हो गई है। देश में सक्रिय मामले करीब 3,02,865 पर आ गये हैं और इसकी दर घटकर 3.09 प्रतिशत रह गई। इसी अवधि में 291 और मरीजों की मौत होने से मृतकों का आंकड़ा बढ़कर 1,45,804 हो गया है और मृत्यु दर अभी 1.45 फीसदी है।


Download Android App
Download iOS App



