समुद्र में भी अब “मेड इन इंडिया” का दम दिखाई देगा। अगले वर्ष भारत के पहले स्वदेशी विमानवाहक पोत (आईएसी) को भारतीय नौसेना के बेड़े में शामिल किया जाएगा। केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आईएसी के निर्माण कार्य की प्रगति की समीक्षा करने के बाद यह बयान दिया।
रक्षा मंत्री ने कहा, ‘‘आईएसी को अगले साल बेड़े में शामिल करना, भारत की स्वतंत्रता की 75वीं वर्षगांठ पर एक बड़ा तोहफा होगा।’’ उन्होंने कहा, विमानवाहक पोत की लड़ाकू पहुंच देश की रक्षा में जबरदस्त क्षमताएं जोड़ेगी और समुद्री क्षेत्र में भारत के हित को सुरक्षित करने में मदद करेगी।’’

उन्होंने कहा, स्वदेशी विमानवाहक पोत पर किए गए काम का प्रत्यक्ष रूप से जायज़ा लेना खुशी की बात है, ये भारत का गर्व और आत्मनिर्भर भारत का एक चमकता हुआ उदाहरण है। इस प्रोजेक्ट को NDA सरकार ने अनुमति दी थी और हाल में कोरोना के बावजूद इसमें काफी प्रगति हुई है।
चीन के साथ चल रहे विवाद पर ड्रैगन को चेतावनी देते हुए रक्षा मंत्री ने कहा, गलवान गतिरोध के दौरान नौसेना की सक्रिय अग्रिम तैनाती ने हमारे इरादे का संकेत दिया कि हम शांति चाहते हैं लेकिन किसी भी घटना के लिए तैयार हैं। राजनाथ सिंह ने आज कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड का दौरा किया, जहां आईएसी का निर्माण किया जा रहा है।


Download Android App
Download iOS App



