ISI Module Arrest: पेट्रोल बम से जंतर-मंतर पर हमले की तैयारी! अमृतसर पुलिस ने ISI से जुड़े 2 आतंकी मॉड्यूल का किया पर्दाफाश, 9 गिरफ्तार

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ISI Module Arrest: अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने ISI समर्थित दो आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ कर 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें 4 नाबालिग हैं। जांच में रेलवे ट्रैक की निगरानी, पेट्रोल बम बनाने की ट्रेनिंग और जंतर-मंतर प्रदर्शन स्थल पर लॉजिस्टिक सपोर्ट मिलने का खुलासा हुआ है। पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है।

ISI Module Arrest: पंजाब के अमृतसर में पुलिस को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस ने पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI से जुड़े दो अलग-अलग आतंकी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया है। इस एक्शन  में कुल 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों में 4 नाबालिग और 5 बालिग लोग शामिल हैं। पुलिस के अनुसार,  दोनों मॉड्यूल अलग-अलग तरह की साजिशों पर काम कर रहे थे और समय रहते इन्हें पकड़ लिया गया, जिससे किसी बड़ी घटना को टाला जा सका। वहीं सबसे बड़ा अपडेट ये सामने आया है कि इस गिरोह के 8 लोग दिल्ली के जंतर- मंतर पर हुए हालिया प्रोटेस्ट में भी शामिल हुए थे।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, अमृतसर के पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि पहले मॉड्यूल का काम रेलवे ट्रैक के आसपास कैमरे लगाना था। इन कैमरों के जरिए रेलवे गतिविधियों की जानकारी जुटाकर उसकी लाइव फीड पाकिस्तान भेजने की योजना थी। पुलिस को इस साजिश की समय रहते जानकारी मिल गई और कार्रवाई करते हुए आरोपियों को कैमरों सहित गिरफ्तार कर लिया गया। जांच में यह भी सामने आया है कि कैमरे खरीदने और अन्य खर्चों के लिए हवाला के जरिए पैसे भेजे गए थे। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस पूरे नेटवर्क से और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।

पाकिस्तान से मिल रहे थे निर्देश

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों मॉड्यूल को पाकिस्तान में बैठे ISI हैंडलर की तरफ से चलाया जा रहा था। पुलिस का मानना है कि आरोपियों को वहीं से निर्देश दिए जा रहे थे। उन्हें अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई थीं ताकि सुरक्षा एजेंसियों और महत्वपूर्ण स्थानों से जुड़ी जानकारी जुटाई जा सके। पुलिस अब डिजिटल सबूत, मोबाइल फोन और अन्य डॉक्युमेंट्स  की जांच कर रही है ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।

बता दें कि दूसरे मॉड्यूल के सदस्यों को पेट्रोल बम तैयार करने और उनका इस्तेमाल करने की ट्रेनिंग दी गई थी। जांच में सामने आया है कि उन्हें पुलिस और अन्य सुरक्षा संस्थानों की रेकी करने के निर्देश भी दिए गए थे। इसके अलावा  हमलों की योजना बनाने के लिए अलग-अलग स्थानों की अपडेट देने को कहा गया था। पुलिस के अनुसार इस मॉड्यूल में शामिल अधिकतर सदस्य नाबालिग थे, जिन्हें बहकाकर इस  गिरोह  में शामिल किया गया।

जंतर-मंतर पहुंचने का भी खुलासा

जांच के दौरान यह भी पता चला कि इस मॉड्यूल से जुड़े 8 सदस्य दिल्ली के जंतर-मंतर स्थित प्रदर्शन स्थल पर भी गए थे। पुलिस ने दावा किया है कि उन्हें  वहां  स्थानीय स्तर पर कुछ लोगों से मदद मिली। इसी दौरान उन्हें पेट्रोल बम बनाने में इस्तेमाल होने वाला सामान और अन्य जरूरी सामग्री उपलब्ध कराई गई। हालांकि, किसी वजह से आरोपी अपने मंसूबों  को पूरा नहीं कर सके और इससे पहले ही पुलिस ने पूरी साजिश का पर्दाफाश कर दिया।

पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई राज्य की सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण है। फिलहाल सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और उनके संपर्कों की जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि इस नेटवर्क से देश के अन्य हिस्सों में कोई और व्यक्ति या संगठन जुड़ा है या नहीं।

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Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।