जोधपुर में अमेरिका जैसी घटना, मास्‍क न पहनने पर पुलिसवाले ने शख्‍स को पीटा और गर्दन को घुटने से दबाया

Summary :

जोधपुर की घटना में मुकेश कुमार प्रजापत के रूप में शामिल व्यक्ति की मौत नहीं हुई, बल्कि वह पुलिसकर्मी से लड़ने लगा। जोधपुर के पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की कि वीडियो शहर में गुरुवार को शूट किया गया था।

अमेरिका में अश्वेत जॉर्ज फ्लॉयड के मारे जाने की घटना से मिलता-जुलता मामला राजस्थान के जोधपुर से सामने आया है। हालांकि इसमें व्यक्ति की मौत नहीं हुई। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। वीडियो में एक पुलिसकर्मी एक व्यक्ति की गर्दन पर घुटना रखे हुए दिखाई दे रहा है।
दरअसल, पूरा मामला मास्क न पहनने पर पुलिस द्वारा एक व्यक्ति का चालान काटने से शुरू हुआ। चालान काटे जाने से गुस्साए व्यक्ति ने पुलिसकर्मी के साथ गालीगलोच और हाथापाई की। जिसके बाद विवाद बढ़ने से पुलिसकर्मी ने युवक की गर्दन घुटने से दबा दी और दो पुलिसवाले युवक के पैर पकड़कर बैठ गए। मारपीट हुई तो वहां भीड़ इकट्ठा हो गई। 
जोधपुर की घटना में मुकेश कुमार प्रजापत के रूप में शामिल व्यक्ति की मौत नहीं हुई, बल्कि वह पुलिसकर्मी से लड़ने लगा। जोधपुर के पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की कि वीडियो शहर में गुरुवार को शूट किया गया था। जब बिना मास्क पहने सड़कों पर घूमने के कारण पुलिस ने उस आदमी के खिलाफ चालान जारी करना चाहा तो उसने पुलिस को चकमा दिया।
 देव नगर पुलिस स्टेशन के एसएचओ सोमकरन ने कहा कि पुलिस प्रजापत को चालान जारी कर रही थी, क्योंकि उसने उन पर हमला किया और उनकी वर्दी फाड़ दी। प्रजापत के खिलाफ प्रताप नगर पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज की गई है। उसे अब कोर्ट में पेश किया जाएगा।
घटना से पहले का वीडियो 
मारपीट से पहले व्यक्ति द्वारा की गई अभद्रता का वीडियो भी वायरल हो रहा है। वीडियो में लगातार युवक पुलिसकर्मी के साथ बहस कर रहा है। पुलिसकर्मी उसको बार-बार खुद से दूर रहें और बैठने को बोल रहा है। युवक पर पिता की आंख को नुकसान पहुंचाने का केस पहले से दर्ज है। 


दरअसल, अमेरिका के मिनियापोलिस में एक दुकान के बाहर पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए जाने के बाद 46 वर्षीय अश्वेत जॉर्ज फ्लॉयड की मौत हो गई। फुटेज में एक पुलिस अधिकारी, डेरेक चौविन को दिखाया गया था, जो फ्लॉयड की गर्दन पर कई मिनट तक घुटने रखे रहा, जिससे सांस न ले पाने के कारण फ्लॉयड की मौत हो गई। इसका पूरे अमेरिका में विरोध जारी है।

Desk Team