तिरुवनंतपुरम/हैदराबाद : 543 सदस्यीय लोकसभा की 425 सीटों के लिए सोमवार को मतदान संपन्न हो जाने के साथ ही गैर-भाजपा, गैर-कांग्रेस मोर्चे के लिए प्रयास तेज शुरू हो गए, क्योंकि अनुमानों में राजग की अगली सरकार बनाने की संभावना कठिन दिखाई दे रही है।
इस दिशा में पहले कदम के तहत तेलंगाना के मुख्यमंत्री और टीआरएस नेता के. चंद्रशेखर राव ने तिरुवनंतपुरम में केरल के मुख्यमंत्री और माकपा नेता पिनरई विजयन से रात के खाने पर मुलाकात की। केसीआर ने विजयन के साथ ताजा राजनीतिक घटनाक्रम पर चर्चा की। लोकसभा चुनाव के लिए 11 अप्रैल को मतदान शुरू होने के बाद किसी गैर-भाजपा और गैर-कांग्रेस नेता से केसीआर की पहली मुलाकात है।
तेलंगाना के मुख्यमंत्री कार्यालय ने हैदराबाद में कहा कि केसीआर इसके बाद डीएमके अध्यक्ष एम.के. स्टालिन से 13 मई को चेन्नई में मिलेंगे। मुख्यमंत्री कार्यालय ने कहा, “दोनों नेता (राव और स्टालिन) जारी संसदीय चुनाव के संदर्भ में मौजूदा राजनीतिक परिदृश्य पर चर्चा कर सकते हैं।”
सीएमओ ने कहा कि राव के केरल और तमिलनाडु दौरे के बारे में कर्नाटक के मुख्यमंत्री और जद (एस) नेता एच.डी. कुमारस्वामी ने सोमवार को उनसे फोन पर बात की थी। सूत्रों ने कहा कि चुनाव परिणाम 23 मई को घोषित होने वाले हैं, लिहाजा केसीआर एक गैर-भाजपा, गैर-कांग्रेस सरकार के गठन के लिए विभिन्न पार्टियों के नेताओं से मुलाकात की योजना बना रहे हैं।
राव का कदम मायने रखता है, क्योंकि उन्होंने ही पिछले साल मार्च में संघीय मोर्चे का विचार पेश किया था और भाजपा व कांग्रेस दोनों का एक विकल्प प्रदान करने की पहल शुरू की थी। उन्होंने उसके बाद तृणमूल कांग्रेस, बीजू जनता दल, समाजवादी पार्टी, जनता दल (सेकुलर) और डीमके के नेताओं से मुलाकात की थी। उन्होंने वाईएसआर कांग्रेस पार्टी को भी प्रस्तावित मोर्चे में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया था।


Download Android App
Download iOS App




