DPRA के 17 साल लंबे संघर्ष की जीत, फार्मासिस्टों के लिए 550 पदों पर भर्ती का रास्ता साफ

Summary :

Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश के हजारों बेरोजगार फार्मासिस्टों के लिए आज का दिन बड़ी खुशखबरी लेकर आया है। लंबे इंतजार के बाद राज्य में फार्मासिस्ट पदों पर सरकारी भर्ती का विज्ञापन जारी कर दिया गया है। लगभग 17 साल बाद निकली इस भर्ती को लेकर प्रदेश भर के फार्मासिस्टों में खुशी और उत्साह का माहौल है। यह उपलब्धि ‘डिप्लोमा फार्मासिस्ट राजपत्रित अधिकारी एसोसिएशन’ (DPRA) के निरंतर प्रयासों और संघर्ष का परिणाम मानी जा रही है। Uttar Pradesh News: 17 साल बाद आई सरकारी भर्ती की सौगात उत्तर प्रदेश में फार्मासिस्ट पदों पर भर्ती लंबे समय से लंबित थी, जिससे…

Uttar Pradesh News: उत्तर प्रदेश के हजारों बेरोजगार फार्मासिस्टों के लिए आज का दिन बड़ी खुशखबरी लेकर आया है। लंबे इंतजार के बाद राज्य में फार्मासिस्ट पदों पर सरकारी भर्ती का विज्ञापन जारी कर दिया गया है। लगभग 17 साल बाद निकली इस भर्ती को लेकर प्रदेश भर के फार्मासिस्टों में खुशी और उत्साह का माहौल है। यह उपलब्धि ‘डिप्लोमा फार्मासिस्ट राजपत्रित अधिकारी एसोसिएशन’ (DPRA) के निरंतर प्रयासों और संघर्ष का परिणाम मानी जा रही है।

Uttar Pradesh News: 17 साल बाद आई सरकारी भर्ती की सौगात

उत्तर प्रदेश में फार्मासिस्ट पदों पर भर्ती लंबे समय से लंबित थी, जिससे हजारों योग्य अभ्यर्थी रोजगार के अवसर का इंतजार कर रहे थे। अब उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) द्वारा 550 पदों पर भर्ती का विज्ञापन जारी किए जाने से बेरोजगार युवाओं को बड़ी राहत मिली है। इस घोषणा को प्रदेश के फार्मासिस्टों ने ऐतिहासिक कदम बताया है।

संगठन के लगातार प्रयासों का मिला परिणाम

इस भर्ती प्रक्रिया को शुरू करवाने के लिए डिप्लोमा फार्मासिस्ट राजपत्रित अधिकारी एसोसिएशन ने शासन और आयोग स्तर पर लगातार प्रयास किए। संगठन के प्रतिनिधियों ने कई बार अधिकारियों से मुलाकात कर फार्मासिस्टों की नियुक्ति की मांग उठाई। इसी क्रम में 14 नवंबर 2025 को उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष श्री सत्यनारायण साबत को एक महत्वपूर्ण ज्ञापन सौंपा गया था। इस ज्ञापन में प्रदेश में खाली पड़े पदों को भरने और नई भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की मांग प्रमुख रूप से रखी गई थी।

नेतृत्व की सक्रिय भूमिका रही अहम

इस पूरी मुहिम में संगठन के प्रदेश अध्यक्ष जे.के. सचान और प्रदेश महामंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण रही। दोनों नेताओं ने लगातार अधिकारियों से संवाद बनाए रखा और भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए रणनीतिक प्रयास किए। इसके साथ ही लखनऊ के जिला मंत्री श्री राजीव कनौजिया और संगठन के अन्य पदाधिकारियों ने भी सक्रिय सहयोग दिया। सभी साथियों के संयुक्त प्रयासों से यह अभियान सफल हो सका और भर्ती का रास्ता साफ हुआ।

सामूहिक एकता ने दिलाई सफलता

संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि यह सफलता किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरे संगठन की एकजुटता और निरंतर संघर्ष का परिणाम है। बेरोजगार फार्मासिस्टों के अधिकारों के लिए लंबे समय से चल रहे प्रयासों ने आखिरकार सकारात्मक परिणाम दिया है।

फार्मासिस्टों के लिए ‘होली का तोहफा’

भर्ती विज्ञापन जारी होने के बाद प्रदेश के फार्मासिस्टों में खुशी की लहर है। कई बेरोजगार अभ्यर्थियों ने इसे “होली का सबसे बड़ा उपहार” बताया है। युवाओं ने संगठन के नेताओं और पदाधिकारियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके प्रयासों से वर्षों पुराना सपना पूरा होने जा रहा है। संगठन के प्रतिनिधियों ने कहा कि फार्मासिस्टों के हितों की रक्षा और रोजगार के नए अवसर सुनिश्चित करने के लिए भविष्य में भी प्रयास जारी रहेंगे। उनका लक्ष्य स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के साथ-साथ योग्य युवाओं को रोजगार दिलाना है।

यह भी पढ़ें: होली पर बदल गया Namo Bharat Train और Meerut Metro का समय! शाम 5 बजे शुरू होगी सेवा

Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।