जापान-भारत समुद्री युद्धाभ्यास (जेआईएमईएक्स) रविवार को विशाखापत्तनम में शुरू हुआ। भारतीय नौसेना ने एक बयान में कहा है कि यह युद्धाभ्यास 15 अक्टूबर तक चलेगा, जिसका लक्ष्य दोनों बलों की अंतरसंचालन क्षमता बढ़ाना, सर्वश्रेष्ठ परंपराओं को समझना और उसे आत्मसात करना है।
इस युद्धाभ्यास में हिस्सा लेने के लिए जापानी समुद्री आत्मरक्षा बल (जेएमएसडीएफ) के जहाज कागा और इनाजुमा आंध्र प्रदेश के पत्तन शहर विशाखापत्तनम पहुंचे हैं।
कश्मीर हमारा है, कोई भी ताकत छीन नहीं सकती : राजनाथ
कागा इजुमो श्रेणी का हेलीकॉप्टर विध्वंसक है, जबकि इनाजुमा एक निर्देशित मिसाइल विध्वंसक है। ये दोनों एस्कॉट फ्लौटिला-4 के कमांडर, रियर एडमिरल तातसुया फुकादा के अधीन युद्धाभ्यास में हिस्सा ले रहे हैं।
भारतीय नौसेना इस युद्धाभ्यास में घरेलू स्तर पर निर्मित तीन युद्धपोतों और एक बेड़ा टैंकर के साथ हिस्सा ले रही है।
एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि इन युद्धपोतों में बहुउद्देश्यीय टोही जहाज आईएनएस सतपुड़ा, पनडुब्बीरोधी युद्धपोत आईएनएस कदमत, मिसाइल युक्त लड़ाकू पोत और बेड़ा टैंकर आईएनएस शक्ति शामिल हैं।
इसके अतिरिक्त एक पनडुब्बी, एक पी8आई लंबी दूरी का समुद्री गश्ती विमान और कई हेलीकॉप्टर भी युद्धाभ्यास में हिस्सा लेंगे। भारतीय युद्धपोत पूर्वी बेड़े के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग, रियर एडमिरल दिनेश के. त्रिपाठी के अधीन युद्धाभ्यास में हिस्सा लेंगे।


Download Android App
Download iOS App



