Lata Deenanath Mangeshkar Award: पुरस्कार मिलने के बाद मोदी बोले- ‘इस बार राखी पर नहीं होंगी लता दीदी’

Summary :

नरेंद्र मोदी के लिए आज का दिन काफी अहम माना गया क्योंकि आज मोदी जी को लता दीनानाथ मंगेशकर पुरस्कार से सम्मानित किया गया ।

नरेंद्र मोदी के लिए आज का दिन काफी अहम माना गया क्योंकि आज मोदी जी को लता दीनानाथ मंगेशकर पुरस्कार से सम्मानित किया गया । इस पुरस्कार को महान स्वर कोकिला की स्मृति और सम्मान में स्थापित किया गया हैं। हालांकि, लता जी का लंबी उम्र के चलते 92 साल में निधन हो गया था। दरअसल, यह पुरस्कार मोदी जी को उषा मंगेशकर और आशा भोंसले समेत कई अन्य की मौजूदगी में दिया गया ।
मोदी ने कहा- संगीत एक है भावना

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मैं संगीत जैसे गहन विषय का जानकार तो नहीं हूँ, लेकिन सांस्कृतिक बोध से मैं ये महसूस करता हूँ कि संगीत एक साधना भी है, और भावना भी। संगीत आपको राष्ट्रभक्ति और कर्तव्य बोध के शिखर तक पहुंचा सकता है। हम सब सौभाग्यशाली है कि हमने संगीत की इस शक्ति लता दीदी के रूप में साक्षात देखा है। हमें अपने आंखों से उनके दर्शन करने का सौभाग्य मिला है। मुझे गर्व होता है कि लता दीदी मेरी बड़ी बहन थीं। पीढ़ियों को प्रेम और भावना का उपहार देने वाली लता दीदी की तरफ से हमेशा एक बड़ी बहन जैसा अपार प्रेम मुझे मिला है। इससे बड़ा सौभाग्य और क्या हो सकता है

मोदी ने लता दीदी को किया याद
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को पहला लता दीनानाथ मंगेशकर पुरस्कार प्राप्त किया। उन्होंने कहा कि वह इसे सभी भारतीयों को समर्पित कर रहे हैं।यह पुरस्कार स्वरकोकिला लता मंगेशकर की याद में शुरू किया गया है। मशहूर गायिका का इस साल छह फरवरी को 92 वर्ष की उम्र में निधन हो गया था।
पुरस्कार प्राप्त करने के बाद मोदी ने कहा, ”लता दीदी मेरे लिए बड़ी बहन की तरह थीं।”इससे पहले जम्मू-कश्मीर के दौरे पर रहे प्रधानमंत्री मोदी शाम करीब पांच बजे मुंबई स्थित कार्यक्रम स्थल षणमुखानंद हॉल पहुंचे।मोदी ने कहा कि वह इस पुरस्कार को देश के सभी नागरिकों को समर्पित करते हैं। उन्होंने कहा कि संगीत मातृत्व और स्नेह का अहसास देता है।मोदी ने कहा, ”हम सभी भाग्यशाली हैं कि हमने लता दीदी में संगीत की यह शक्ति देखी।’

Desk Team