पुडुचेरी सरकार ने शनिवार को कहा कि केंद्र द्वारा विधानसभा में भाजपा के तीन विधायकों को मनोनीत किये जाने के फैसले को बरकरार रखने वाले उच्चतम न्यायालय के फैसले पर वह पुनर्विचार याचिका दायर करेगी ।
मुख्यमंत्री वी नारायणसामी ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘शीर्ष अदालत ने अपने फैसले में विधानसभा के तीन सदस्यों का मनोनयन बरकरार रखा है। विधि विशेषज्ञों से विचार-विमर्श के बाद सरकार पुनर्विचार याचिका दायर करेगी।’’
उपराज्यपाल किरण बेदी ने चार जुलाई 2017 को अपने कक्ष में तीन सदस्यों- वी सामीनाथन, के जी शंकर और एस सेल्वागणपति को पद की शपथ दिलायी थी, लेकिन विधानसभा अध्यक्ष वी वैतीलिंगम ने विधायक के तौर पर उन्हें मान्यता देने से इंकार किया और उनका मनोनयन रद्द कर दिया।
इमरान ने माना – पाकिस्तान में रची गई थी मुंबई हमले की साजिश, दोषियों को देंगे सजा
इस मुद्दे पर बेदी और कांग्रेस सरकार के बीच गतिरोध बढ़ गया। कांग्रेस ने उपराज्यपाल के फैसले को असंवैधानिक बताया और दलील दी कि केंद्र ने प्रदेश सरकार से मशविरा किये बिना मनमाने तरीके से विधायकों को मनोनीत किया।
इसके बाद विधायकों ने विधानसभा अध्यक्ष की कार्रवाई को चुनौती दी और मद्रास उच्च न्यायालय का रुख किया जिसने उनका मनोनयन बरकरार रखा। बाद में कांग्रेस नेताओं ने उच्चतम न्यायालय में अपील की जहां पर केंद्र के फैसले को बरकरार रखा गया।


Download Android App
Download iOS App




