बढ़ते हमलों के बीच अमेरिका ने ईरान समर्थित मिलिशियाओं के खिलाफ कार्रवाई को इराक पर डाला दबाव

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वॉशिंगटन, 6 मई (आईएएनएस)। संयुक्त राज्य अमेरिका ने इराक के नेतृत्व पर ईरान समर्थित मिलिशिया के खिलाफ “ठोस कार्रवाई” करने के लिए दबाव डाला है। अमेरिकी विदेश विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि क्षेत्र में अमेरिकी ठिकानों पर बढ़ते हमलों के बीच वॉशिंगटन को “बातें नहीं, कार्रवाई” चाहिए। विदेश विभाग के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि “मुझे लगता है कि इराकी नेता, जिनमें प्रधानमंत्री-नामित भी शामिल हैं, यह समझते हैं कि संयुक्त राज्य अमेरिका क्या चाहता है। हमें बातें नहीं, कार्रवाई चाहिए।” ये टिप्पणियां ऐसे समय आई हैं जब अमेरिका इराक पर सशस्त्र मिलिशिया के…

वॉशिंगटन, 6 मई (आईएएनएस)। संयुक्त राज्य अमेरिका ने इराक के नेतृत्व पर ईरान समर्थित मिलिशिया के खिलाफ “ठोस कार्रवाई” करने के लिए दबाव डाला है। अमेरिकी विदेश विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि क्षेत्र में अमेरिकी ठिकानों पर बढ़ते हमलों के बीच वॉशिंगटन को “बातें नहीं, कार्रवाई” चाहिए।

विदेश विभाग के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि “मुझे लगता है कि इराकी नेता, जिनमें प्रधानमंत्री-नामित भी शामिल हैं, यह समझते हैं कि संयुक्त राज्य अमेरिका क्या चाहता है। हमें बातें नहीं, कार्रवाई चाहिए।”

ये टिप्पणियां ऐसे समय आई हैं जब अमेरिका इराक पर सशस्त्र मिलिशिया के प्रभाव को सीमित करने के लिए दबाव बढ़ा रहा है। अमेरिका इन समूहों को आतंकवादी संगठन मानता है और अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि ये इराक की राज्य संस्थाओं में गहराई तक घुस चुके हैं।

अधिकारी ने कहा, “इस समय इराकी राज्य और इन मिलिशिया के बीच की रेखा बहुत धुंधली हो गई है।”

उन्होंने कहा, “इसकी शुरुआत राज्य की किसी भी संस्था से आतंकवादी मिलिशिया को बाहर निकालने, इराकी बजट से उनकी सहायता बंद करने और इन लड़ाकों को वेतन रोकने से हो सकती है। ये वे ठोस कदम हैं जो हमें भरोसा दिलाएंगे कि सोच में बदलाव आया है।”

इन टिप्पणियों से यह भी स्पष्ट होता है कि इराक के भीतर सक्रिय मिलिशिया समूहों की भूमिका को लेकर अमेरिका की नाराजगी बनी हुई है, खासकर मध्य पूर्व में व्यापक तनाव से जुड़ी क्षेत्रीय अस्थिरता के महीनों बाद।

वरिष्ठ अधिकारी ने इराकी तंत्र के कुछ हिस्सों पर इन मिलिशिया को राजनीतिक और वित्तीय संरक्षण देने का आरोप लगाया। अधिकारी ने कहा, “इराकी राज्य के कुछ तत्व इन आतंकवादी मिलिशिया को राजनीतिक, वित्तीय और परिचालन संरक्षण देते रहे हैं।”

उन्होंने कहा, “मैं इस चुनौती की गंभीरता या इन संबंधों को अलग करने के लिए क्या करना होगा, इसे कम करके नहीं आंक रहा हूं। इसकी शुरुआत एक स्पष्ट और बिना किसी अस्पष्टता के नीति बयान से हो सकती है कि आतंकवादी मिलिशिया इराकी राज्य का हिस्सा नहीं हैं।”

अधिकारी ने हालिया क्षेत्रीय संघर्ष के दौरान अमेरिकी कर्मियों के सामने मौजूद सुरक्षा खतरे की गंभीरता पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा, “क्षेत्रीय संघर्ष के दौरान हमने इराक में अमेरिकी ठिकानों पर 600 से अधिक हमलों का सामना किया।”

इन टिप्पणियों से संकेत मिलता है कि यह मुद्दा अमेरिका-इराक संबंधों में एक केंद्रीय चिंता बना हुआ है क्योंकि वॉशिंगटन यह आकलन कर रहा है कि बगदाद ईरान से जुड़े सशस्त्र गुटों पर नियंत्रण करने के लिए कितना इच्छुक और सक्षम है।

–आईएएनएस

पीएम

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