दक्षिण कोरिया में भीषण गर्मी का असर: पालक के दाम 152 प्रतिशत बढ़े, मछली और सब्जियां भी महंगी

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सोल, 9 अगस्त (आईएएनएस)। दक्षिण कोरिया में पड़ रही भीषण गर्मी का असर अब खाद्य सामग्रियों की कीमतों पर भी पड़ने लगा है। गर्म मौसम के कारण सब्जियों, मछलियों और पशुधन की आपूर्ति घटी है, जिससे कई कृषि उत्पादों के दाम तेजी से बढ़ गए हैं। योनहाप न्यूज एजेंसी ने बताया कि कोरिया एग्रो-फिशरीज एंड फूड ट्रेड कॉरपोरेशन के आंकड़ों के अनुसार, शुक्रवार तक एक महीने में 100 ग्राम पालक की खुदरा कीमत में 152.3 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। इसी अवधि में 10 खीरे की कीमत 54.8 प्रतिशत और 100 ग्राम हरी लेट्यूस की कीमत 41.7 प्रतिशत बढ़ गई। सरकार…

सोल, 9 अगस्त (आईएएनएस)। दक्षिण कोरिया में पड़ रही भीषण गर्मी का असर अब खाद्य सामग्रियों की कीमतों पर भी पड़ने लगा है। गर्म मौसम के कारण सब्जियों, मछलियों और पशुधन की आपूर्ति घटी है, जिससे कई कृषि उत्पादों के दाम तेजी से बढ़ गए हैं।

योनहाप न्यूज एजेंसी ने बताया कि कोरिया एग्रो-फिशरीज एंड फूड ट्रेड कॉरपोरेशन के आंकड़ों के अनुसार, शुक्रवार तक एक महीने में 100 ग्राम पालक की खुदरा कीमत में 152.3 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। इसी अवधि में 10 खीरे की कीमत 54.8 प्रतिशत और 100 ग्राम हरी लेट्यूस की कीमत 41.7 प्रतिशत बढ़ गई।

सरकार ने कीमतों में इस उछाल के लिए लंबे समय से जारी गर्मी को प्रमुख कारण बताया है। कृषि मंत्रालय के अनुसार, पालक, खीरा और तोरी जैसी सब्जियां अपेक्षाकृत ठंडे तापमान में बेहतर उगती हैं और गर्मियों में तापमान बढ़ने तथा आपूर्ति घटने के साथ इनके दाम तेजी से बढ़ सकते हैं।

भीषण गर्मी का असर पशुधन और मछली पालन क्षेत्र पर भी पड़ा है। कृषि मंत्रालय के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, शुक्रवार तक गर्मी के कारण 9,01,602 पशुओं की मौत हो चुकी थी। इनमें करीब 95 प्रतिशत मुर्गियां और बत्तख जैसे पक्षी थे।

समुद्र के बढ़ते तापमान से एक्वा फार्म भी प्रभावित हुए हैं। शुक्रवार तक गर्म पानी के कारण 8,64,497 मछलियों के मरने की सूचना मिली।

इसका असर मछलियों की कीमतों पर भी पड़ा है। 27 जुलाई से 1 अगस्त के बीच फ्लाउंडर की औसत नीलामी कीमत 22,300 वॉन (करीब 15.84 डॉलर) प्रति किलोग्राम रही, जो एक सप्ताह पहले की तुलना में 2.29 प्रतिशत अधिक थी। पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले इसकी कीमत में 13.2 प्रतिशत की वृद्धि हुई।

उद्योग से जुड़े विशेषज्ञों का कहना है कि समुद्र का तापमान जमीन की तुलना में धीरे-धीरे कम होता है। इसलिए गर्मी का पूरा असर आने वाले महीनों में दिखाई दे सकता है।

विशेषज्ञों के अनुसार, सितंबर में गर्म पानी का असर सबसे ज्यादा देखने को मिल सकता है, जिससे फ्लाउंडर और रॉकफिश जैसी मछलियों की कीमतें ऊंची बनी रहने की संभावना है।

गर्मी से खाद्य महंगाई बढ़ने की आशंका के बीच दक्षिण कोरियाई सरकार कीमतों पर नियंत्रण के लिए कदम उठा रही है। इनमें ब्रॉयलर मुर्गियों के आयात में बढ़ोतरी और डिस्काउंट स्टोरों में मछली उत्पादों पर विशेष प्रचार अभियान शामिल हैं।

दक्षिण कोरिया में पिछले सप्ताह भीषण गर्मी के दौरान दिन के समय तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था। हालांकि, रविवार को गर्मी में कुछ कमी आने का अनुमान है और अधिकतम तापमान करीब 34 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।

–आईएएनएस

केआर/

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