Plane Crash in Alaska: अमेरिका के अलास्का में क्रैश हुआ चार्टर प्लेन! 8 लोगों की मौत, सैन्य रडार साइट के पास हुआ हादसा

Summary :

Plane Crash in Alaska: अलास्का के सुदूर पश्चिमी इलाके में चार्टर विमान हादसे में आठ लोगों की मौत हो गई। सेसना 441 विमान एंकरेज से केप न्यूएनहम जा रहा था। इसमें दो पायलट और छह यात्री सवार थे। NTSB और FAA हादसे की जांच कर रहे हैं। फिलहाल दुर्घटना की वजह और मृतकों की पहचान सामने नहीं आई है।

Plane Crash in Alaska: अमेरिका के अलास्का में आज यानी गुरुवार को एक दर्दनाक प्लेन हादसा सामने आया है। वहीं विमान में सवार सभी 8 लोगों की मौत हो गई। बता दें कि अमेरिकी सैन्य अधिकारियों और संघीय विमानन एजेंसियों ने हादसे में किसी के भी जिंदा  न बचने की पुष्टि की है। ये हादसा  राज्य के पश्चिमी हिस्से केप न्यूएनहम लॉन्ग रेंज रडार साइट एयरपोर्ट के पास हुआ। यह जगह अलास्का के बेहद दूरदराज इलाकों में शामिल है  और एंकरेज से करीब 725 किलोमीटर पश्चिम में मौजूद  है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह नॉर्मल एयरपोर्ट नहीं है। यहां मुख्य रूप से सैन्य और परमिशन मिले चार्टरप्लेन  को ही उड़ान भरने या उतरने की इजाजत होती है। हादसे का शिकार विमान भी एक सिविलियन-कॉन्ट्रैक्टेड चार्टर फ्लाइट था, जिसे सिक्योरिटी एविएशन कंपनी संचालित कर रही थी।

विमान में दो पायलट और छह यात्री थे

हादसे में शामिल विमान सेसना 441 था। यह दो इंजन वाला छोटा विमान है। विमान एंकरेज से केप न्यूएनहम की ओर जा रहा था। नेशनल ट्रांसपोर्टेशन सेफ्टी बोर्ड (NTSB) के अलास्का क्षेत्रीय प्रमुख क्लिंट जॉनसन के मुताबिक, विमान में कुल आठ लोग मौजूद थे। इनमें दो पायलट और छह यात्री शामिल थे। उड़ान के दौरान विमान के साथ क्या हुआ, इसकी जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है। हादसे के बाद राहत और बचाव दल को तुरंत मौके के लिए रवाना किया गया।

फेडरल एविएशन एडमिनिस्ट्रेशन (FAA) से अलर्ट मिलने के बाद अलास्का रेस्क्यू कोऑर्डिनेशन सेंटर ने खोज और बचाव अभियान शुरू किया। टीम घटनास्थल तक पहुंची और वहां किसी भी व्यक्ति के जीवित होने की संभावना नहीं मिली। अमेरिकी एयर फोर्स के अलास्कन कमांड ने हादसे को सैन्य परिवारों और स्थानीय समुदायों के लिए बेहद दुखद बताया है। लेफ्टिनेंट जनरल रॉबर्ट डेविस ने कहा कि यह उन लोगों का बड़ा नुकसान है, जो कठिन परिस्थितियों में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे थे। उन्होंने मृतकों के परिवारों और उनके सहयोगियों को हर संभव मदद  देने की बात कही है। फिलहाल अधिकारियों का ध्यान परिवारों को सूचना देने और उन्हें जरूरी मदद उपलब्ध कराने पर है।

सैन्य रडार साइट क्यों है महत्वपूर्ण?

केप न्यूएनहम लॉन्ग रेंज रडार साइट अमेरिकी एयर डिफेंस सिस्टम  का अहम हिस्सा है। यह उत्तरी अमेरिका की हवाई सुरक्षा और एयरोस्पेस डिफेंस सिस्टम में खास भूमिका निभाती है। यह इलाका बेहद दुर्गम होने की वजह से वहां तैनात कर्मचारियों और सैन्य कर्मियों की आवाजाही आसान नहीं है। उन्हें लाने-ले जाने के लिए कई बार चार्टर प्लेन  का इस्तेमाल किया जाता है। हादसे का शिकार प्लेन भी इसी तरह की सेवा से जुड़ा था।

अलास्का के दूरदराज इलाकों में प्लेन उड़ाना काफी चुनौतीपूर्ण माना जाता है। यहां मौसम अचानक बदल सकता है। कई जगहों पर पहाड़ी इलाका, कम दिखना  और सीमित एयरपोर्ट सुविधाएं उड़ान संचालन को मुश्किल बनाती हैं।लेकिन, अधिकारियों ने अभी तक यह नहीं बताया है कि प्लेन के क्रेश होने के पीछे क्या वजह थी। मौसम, तकनीकी खराबी, पायलट से जुड़ी स्थिति या किसी अन्य वजह की जांच की जा रही है।

NTSB और FAA करेंगे हादसे की जांच

हादसे की जांच की जिम्मेदारी NTSB के पास है। FAA भी जांच में सहयोग कर रहा है। जांच के दौरान प्लेन की तकनीकी स्थिति, उड़ान से पहले की जानकारी, मौसम का हाल और पायलटों से जुड़ी रिपोर्ट की जांच की जाएगी।

अगर विमान का ब्लैक बॉक्स या अन्य रिकॉर्डिंग उपकरण सुरक्षित मिले, तो उनसे हादसे से पहले विमान की स्थिति और उड़ान से जुड़ी अहम जानकारी मिल सकती है। फिलहाल मृतकों की पहचान सार्वजनिक नहीं की गई है। अधिकारियों का कहना है कि पहले उनके परिवारों को सूचना दी जा रही है।

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Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।