धान पर केंद्र से 897 रुपए ज्यादा देना चाहती दिल्ली सरकार

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दिल्ली सरकार के विकास विभाग के मंत्री गोपाल राय ने बताया कि इसके लिए सरकार ने बीते वर्ष दिसंबर महीने में विभाग की तीन सदस्यीय कमेटी बनाई थी।

नई दिल्ली : किसानों की आर्थिक स्थिति सुधारने को लेकर मंगलवार को दिल्ली सरकार ने समर्थन मूल्य पर अपना पहला ड्राफ्ट पेश किया। इसके अनुसार दिल्ली के किसानों को गेहूं के एक क्विंटल के लिए 2616 रुपए और धान के लिए 2667 रुपए दिया जाना तय किया गया है। यह केंद्र द्वारा गेहूं के लिए वर्तमान में दिए जा रहे समर्थन मूल्य 776 रुपए और धान के लिए 897 रुपए ज्यादा है। इसे लागू करने पर दिल्ली पर 96,37, 80,500 रुपए का भार पड़ेगा। अभी इस पर लोगों से चर्चा कर राय ली जाएगी और आगामी 10 फरवरी को इसे मुख्यमंत्री को सौंप दी जाएगी।

दिल्ली सचिवालय में मंगलवार को इसकी घोषणा करते हुए दिल्ली सरकार के विकास विभाग के मंत्री गोपाल राय ने बताया कि इसके लिए सरकार ने बीते वर्ष दिसंबर महीने में विभाग की तीन सदस्यीय कमेटी बनाई थी। इस कमेटी ने दिल्ली में कृषि लागतों का आंकड़ा इक्ट्ठा किया। जिसके अनुसार दिल्ली में प्रति एकड़ धान की खेती पर कुल 86,247 रुपए खर्च आता है। वहीं एक एकड़ में करीब 48.5 क्विंटल की उपज होती है। इसके हिसाब से एक क्विंटल पर 1778 रुपए का खर्च आता है। ठीक ऐसे ही गेहूं की खेती पर प्रति एकड़ 78,501 रुपए का खर्च आता है, जबकि एक एकड़ में करीब 45 क्विंटल गेहूं की उपज होती है।

इसके अनुसार प्रति क्विंटल 1744 रुपए का खर्च आता है। उनका कहना है कि मंगलवार को इन आंकड़ों पर दिल्ली सचिवालय में किसान कांफ्रेंस किया गया। इसमें दिल्ली सरकार के अधिकारियों के अलावा एफसीआई के निदेशक, नेफेड, भारतीय कृषि अनुसंधान केंद्र के कई वैज्ञानिक, केंद्र सरकार की एमएसपी निर्धारण करने वाली संस्था सीएपीसी और तेलंगाना के अधिकारी शामिल हुए। कांफ्रेंस में तेलंगाना के अधिकारियों ने बताया कि वे रैयत बंधु के नाम से योजना चलाते हैं, जिसमें किसानों को खेती से पहले ही प्रति एकड़ चार हजार रुपए दे दिए जाते हैं।

Desk Team