रोहिणी में ‘मन की बात’ का सामूहिक श्रवण, कारगिल के वीरों को दी श्रद्धांजलि

Summary :

Mann Ki Baat : दिल्ली के महापौर प्रवेश वाही ने रविवार को रोहिणी सेक्टर-8 स्थित बूथ-140 पर स्थानीय निवासियों और कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 136वें एपिसोड का सामूहिक श्रवण किया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने कार्यक्रम में भाग लिया और प्रधानमंत्री के संदेशों को सुना। कार्यक्रम में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री द्वारा देश के वीर सैनिकों के साहस, राष्ट्रभक्ति, कर्तव्यनिष्ठा और सर्वोच्च बलिदान को दी गई श्रद्धांजलि का उल्लेख किया गया। महापौर प्रवेश वाही ने कहा कि कारगिल के वीरों का शौर्य और बलिदान देशवासियों के…

Mann Ki Baat : दिल्ली के महापौर प्रवेश वाही ने रविवार को रोहिणी सेक्टर-8 स्थित बूथ-140 पर स्थानीय निवासियों और कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 136वें एपिसोड का सामूहिक श्रवण किया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोगों ने कार्यक्रम में भाग लिया और प्रधानमंत्री के संदेशों को सुना। कार्यक्रम में कारगिल विजय दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री द्वारा देश के वीर सैनिकों के साहस, राष्ट्रभक्ति, कर्तव्यनिष्ठा और सर्वोच्च बलिदान को दी गई श्रद्धांजलि का उल्लेख किया गया।

महापौर प्रवेश वाही ने कहा कि कारगिल के वीरों का शौर्य और बलिदान देशवासियों के लिए हमेशा प्रेरणा का स्रोत रहेगा। उन्होंने कहा कि ‘मन की बात’ के माध्यम से दिए जाने वाले संदेश समाज को सकारात्मक दिशा देने के साथ नागरिकों में राष्ट्र निर्माण के प्रति जिम्मेदारी का भाव भी मजबूत करते हैं। प्रवेश वाही ने कहा कि विकसित भारत का लक्ष्य केवल सरकार के प्रयासों से नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सक्रिय भागीदारी से ही पूरा हो सकता है।

उन्होंने लोगों से स्वच्छता, जनसेवा, सामाजिक उत्तरदायित्व और सामुदायिक सहभागिता को अपने जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के बाद बूथ-140 के कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों के साथ टिफिन बैठक भी आयोजित की गई। बैठक में संगठनात्मक विषयों, क्षेत्र के विकास कार्यों और जनहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई। महापौर ने नागरिकों के सुझाव भी सुने और कहा कि जनता के साथ निरंतर संवाद ही सुशासन की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने भरोसा जताया कि स्थानीय लोगों की भागीदारी से विकास कार्यों को अधिक प्रभावी और जनोन्मुख बनाया जा सकता है।

Sumant Chaudhary