चंडीगढ़ : हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने कहा कि प्रदेश के लोगों को वैक्टर जनित रोगों से सुरक्षित रखने के लिए घर-घर जाकर बुखार के मरीजों की जांच की जाएगी तथा इन रोगों की पहचान होने पर पीड़ित लोगों का अस्पतालों के अलग वार्डों में तुरन्त उपचार शुरू किया जाएगा। विज ने बताया कि इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव डॉ. राजा शेखर वुंडरू को संबंधित विभागों को एडवाइजरी जारी करने के निर्देश दिये हैं। इनमें मुख्य तौर पर पंचायती राज संस्थाएं, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिक विभाग, मत्स्य विभाग, शिक्षा विभाग, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण, परिवहन विभाग, शहरी स्थानीय निकाय विभाग तथा प्रदेश के सभी जिला उपायुक्त शामिल हैं। इससे बारिस के मौसम में डेंगू, चिकनगुनिया, मलेरिया तथा अन्य वैक्टर जनित रोगों को पनपने से रोकने में सहायता मिलेगी। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि जुलाई से नवंबर तक मच्छरों एवं इन बीमारियों के पनपने का समय होता हैं, इसलिए सावधानी के तौर पर उचित कदम उठाने की सलाह दी गई है।
इस दौरान स्वास्थ्य विभाग द्वारा अन्य विभागों के सहयोग से सभी घरों की छतों, खुले स्थानों, प्लास्टिक बैग, कूलर, पानी के बर्तन सहित अन्य स्थानों का निरीक्षण किया जाएगा और आवश्यकतानुसार उचित कदम उठाएं जाएंगे। उन्होंने कहा कि जिन लोगों के घरों या उनके आसपास मच्छरों का लारवा या प्रजनन पाया जाएगा, उनके मालिकों के खिलाफ स्थानीय निकाय विभाग को नोटिस जारी करने को कहा गया है। विज ने कहा कि सभी प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर तैनात चिकित्सकों को निर्देश दिये गये हैं कि वे अपने क्षेत्र के सरपंचों से मुलाकात कर उन्हें स्वच्छता, पानी खड़ा न होने देना, घरों के कचरे का समुचित निपटान तथा पानी निकासी का उचित प्रबन्ध करने के लिए प्रेरित करें। इसके लिए ग्राम स्वास्थ्य स्वच्छता समिति की निधि का उपयोग किया जा सकता है। इसके अलावा स्वास्थ्य विभाग को दवाइयां, टेस्टिंग किट, लारवा एवं मच्छर मारने की दवाइयां का समुचित स्टॉक रखने के निर्देश दिये गये हैं, इस कार्य में चिकित्सक, एमपीएचडब्ल्यू के साथ आशा वर्कर की ड्यूटी रहेगें।
विभाग के प्रधान सचिव ने इस संबंध में परिवहन विभागों को जारी पत्र में कहा कि वे वर्षा के दौरान टायरों को शेड के नीचे या ढककऱ रखे ताकि उसमे पानी एकत्र न हो सके। स्वास्थ्य विभाग द्वारा पहचान किये गये स्थानों पर गंबुजिया मच्छलियां छोडऩे के लिए मत्स्य विभाग को निर्देश दिये गये हैं तथा शिक्षा विभाग को स्कलों में बच्चों को अध्यापकों या स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा वैक्टर जनित रोगों से बचने के लिए प्रार्थना सभा में बताने को कहा गया है तथा रविवार को ‘ड्राई-डे’ के तौर पर पानी के सभी बर्तनों को सुखा कर भरने संबंधी भी जानकारी देने को कहा गया है। इसके साथ की जनस्वास्थ्य विभाग को सभी लिकेज को बंद करने तथा स्थानीय शहरी विभाग को फोगिंग करने के निर्देश दिये हैं।
(आहूजा)


Download Android App
Download iOS App



