क्या वाकई भूत होते हैं? Premanand Ji Maharaj ने खोला डरावना रहस्य

Summary :

Premanand Ji Maharaj on Ghosts Existence: भूतों को लेकर लोगों में अलग-अलग धारणाएं हैं। ज्यादातर लोग मानते हैं कि जब किसी इंसान की मौत अधूरी इच्छाओं के साथ होती है, तो उसकी आत्मा भूत बन जाती है। लोगों का ऐसा भी मानना है कि भूत पुरानी इमारतों, जंगलों या खाली जगहों पर रहते हैं और कभी-कभी दिख भी जाते हैं। हालांकि, विज्ञान इन बातों को नहीं मानता। वैज्ञानिकों के अनुसार भूत होने का कोई सबूत नहीं है, इसलिए बहुत से लोग इसे सिर्फ एक डर या कहानियां मानते हैं। इसी विषय पर वृंदावन के प्रेमानंद महाराज जी ने कुछ बातें बताई हैं।…

Premanand Ji Maharaj on Ghosts Existence: भूतों को लेकर लोगों में अलग-अलग धारणाएं हैं। ज्यादातर लोग मानते हैं कि जब किसी इंसान की मौत अधूरी इच्छाओं के साथ होती है, तो उसकी आत्मा भूत बन जाती है। लोगों का ऐसा भी मानना है कि भूत पुरानी इमारतों, जंगलों या खाली जगहों पर रहते हैं और कभी-कभी दिख भी जाते हैं। हालांकि, विज्ञान इन बातों को नहीं मानता। वैज्ञानिकों के अनुसार भूत होने का कोई सबूत नहीं है, इसलिए बहुत से लोग इसे सिर्फ एक डर या कहानियां मानते हैं। इसी विषय पर वृंदावन के प्रेमानंद महाराज जी ने कुछ बातें बताई हैं।

भूत कौन बनते हैं?

प्रेमानंद महाराज के शिष्य नवल नागरी ने उनसे पूछा कि भूत कैसे होते हैं और कौन बनता है? महाराज जी ने बताया कि जो लोग आत्महत्या कर लेते हैं, जिनका अचानक एक्सीडेंट हो जाता है या जो बहुत बड़े पाप करते हैं, वे भूत बन सकते हैं। महाराज जी ने कहा कि उन्होंने वृंदावन में ऐसे कई भूत देखे हैं, क्योंकि यह जगह भूतेश्वर महादेव के नियंत्रण में आती है।

Premanand Ji Maharaj on Ghosts Existence: भूत कैसे दिखते हैं?

भूतों के रूप के बारे में महाराज जी ने बताया कि उनका आकार एक पल में बदलता रहता है। वे एक रूप में टिकते नहीं हैं। एक ही पल में वे बहुत डरावने, कभी बहुत गंदे या कभी अचानक सुंदर भी दिख सकते हैं।

क्या भूत सबको दिख सकते हैं?

प्रेमानंद महाराज ने बताया कि भूत तभी किसी के सामने आते हैं जब उन्हें लगे कि उस इंसान से उनका भला हो सकता है। वे किसी ऐसे इंसान के सामने नहीं आते जिसे देखकर वह डर के मारे मर जाए या जिसे देखकर उनका अपना नुकसान हो। वे सिर्फ उन्हीं के पास जाते हैं जिनसे उन्हें मुक्ति मिल सके।

Premanand Ji Maharaj on Ghosts: कष्टदायक होती है भूत योनि

प्रेमानंद महाराज जी का कहना है कि भूत की योनि बहुत कष्टदायक होती है। उन्हें इतनी प्यास और भूख लगती है कि उनके सामने नदियां होने के बाद भी वे एक बूंद पानी या एक निवाला खाना नहीं ले सकते। वे संतों के पास इसलिए जाते हैं ताकि उन्हें इस योनि से छुटकारा मिल सके। जो लोग बुरे काम करते हैं और गलत रास्ते पर चलते हैं, उन पर इन नकारात्मक शक्तियों का असर जल्दी होता है।

इन लोगों के पास नहीं भटकते भूत

महाराज के अनुसार, भूत किसी अच्छे इंसान को छू भी नहीं सकते। जो व्यक्ति भगवान का नाम जपता है या मंत्रों का जाप करता है, उसके पास तो भूत आ ही नहीं सकते। बल्कि वे वहां आने से ही जलकर भस्म हो जाएंगे। इसलिए डरना नहीं चाहिए। हनुमान चालीसा में भी लिखा है-  ‘भूत पिशाच निकट नहीं आवे, महावीर जब नाम सुनावे’। भगवान के नाम और उनके भक्तों में इतनी शक्ति होती है कि कोई भी बुरी ताकत उनके पास नहीं फटक सकती।

Khushi Srivastava

खुशी श्रीवास्तव मीडिया इंडस्ट्री में करीब 3 साल का अनुभव रखती हैं। वायरल कंटेंट, लाइफस्टाइल, हेल्थ और वास्तु शास्त्र टिप्स पर प्रमुखता से काम किया है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय, प्रयागराज से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई के बाद पहली बार पत्रकारिता के श्रेत्र में कदम रखा। इसके बाद अमर उजाला प्रिंट (प्रयागराज) में इंटर्नशिप की। फिलहाल खुशी, पंजाब केसरी दिल्ली के डिजिटल प्लैटफॉर्म के लिए कंटेंट राइटिंग का काम करती हैं।