Title: साल के आखिरी पूर्ण सूर्य ग्रहण की अद्भुत तस्वीरें, पीक पर बदल गया आसमान का नजारा

Summary :

12 अगस्त की रात साल का आखिरी पूर्ण सूर्य ग्रहण दुनिया के कई हिस्सों में दिखाई दिया। इस अद्भुत खगोलीय घटना के दौरान आसमान का नजारा बेहद शानदार नजर आया। ग्रहण के चरम पर सूर्य की रोशनी बदलती दिखाई दी, जिसे देखने के लिए लोग उत्साहित रहे। आइए, देखते हैं इसकी कुछ खास तस्वीरें।

12 अगस्त की रात को, साल का आखिरी पूर्ण सूर्य ग्रहण दुनिया के कई हिस्सों में दिखाई दिया। खगोलीय घटना के इस नज़ारे ने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींचा। तो आइए, देखते हैं सूर्य ग्रहण की कुछ खास और अद्भुत तस्वीरें।

फोटो 2:

Solar Eclipse 2026 rare photos (CREDIT-SM)

ग्रहण के दौरान, चंद्रमा धीरे-धीरे सूर्य के सामने आया और उसकी रोशनी को ढकने लगा। इस खूबसूरत नज़ारे को तस्वीरों में कैद किया गया।

फोटो 3:

Solar Eclipse 2026 photos (CREDIT-SM)

जैसे ही ग्रहण अपने चरम पर पहुंचा तो, कुछ समय के लिए दिन में भी अंधेरे जैसे हालात बन गए। पूर्ण ग्रहण के दौरान, सूरज पूरी तरह से चाँद के पीछे छिप गया था। भारतीय समय के अनुसार सूर्य ग्रहण रात 9:04 बजे शुरू हुआ और देर रात 1:28 बजे तक चला। इसका पीक रात 11:16 बजे रहा। भारत में यह सूर्य ग्रहण दिखाई नहीं दिया, क्योंकि जिस समय ग्रहण हुआ, उस दौरान भारत से सूर्य आसमान में नजर नहीं आ रहा था।

फोटो 4

solar eclipse august 2026 (CREDIT-SM)

आइसलैंड, उत्तरी रूस, स्पेन, पुर्तगाल और ग्रीनलैंड समेत कई जगहों पर लोगों ने सूर्य ग्रहण देखा। यह उत्तरी अमेरिका के कुछ हिस्सों में भी दिखाई दिया। लोगों ने ग्रहण देखने के लिए खास चश्मे और सुरक्षित उपकरणों का इस्तेमाल किया; बिना सुरक्षा के सीधे सूरज को देखना आँखों के लिए नुकसानदायक हो सकता है।

फोटो 5

Solar Eclipse 2026 photos (CREDIT-SM)

भारत में, सूर्य ग्रहण से जुड़े धार्मिक रूप से महत्वपूर्ण समय—’सूतक काल’—पर भी चर्चा हुई। हालाँकि, चूंकि ग्रहण भारत में दिखाई नहीं दिया, इसलिए सूतक काल का पालन नहीं किया गया। ग्रहण का नज़ारा अलग-अलग जगहों पर अलग-अलग था; कुछ इलाकों में पूर्ण सूर्य ग्रहण दिखाई दिया, जबकि अन्य जगहों पर केवल आंशिक ग्रहण देखा गया। पूर्ण सूर्य ग्रहण तब होता है जब चंद्रमा सूर्य और पृथ्वी के बीच से गुज़रता है और सूर्य को पूरी तरह से ढक लेता है; यही वह घटना थी जो इस मौके पर कई देशों में देखी गई।

Shivangi Shandilya

शिवांगी शांडिल्य पत्रकारिता में पिछले 2 वर्षों से सक्रिय हैं। राजनीति, विदेश, क्राइम के अलावा आद्यात्मिक खबरें लिखना पसंद हैं। गलगोटिया विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की है। IGNOU से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई जारी है। इस दौर में वेबसाइट पर लिखने का कार्य जारी है। पत्रकारिता की शुरुआत इंडिया न्यूज़ (इनखबर) से हुई, जहां बत्तौर हिन्दी सब-एडिटर के रूप में वेबसाइट पर काम किया। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में जन्म लेने वाली शिवांगी की शिक्षा उनके गृह जिले में ही हुई है। शिवांगी को राजनीतिक घटनाक्रम पर आलेख लिखना बेहद पसंद है।