देश में नागरिकता संशोधन कानून (CAA) को लागू कर दिया है। इस दौरान मुस्लिम राष्ट्रीय मंच ने सीएए लगाए जाने का स्वागत किया है। मंच के राष्ट्रीय प्रवक्ता शाहिद सईद ने कहा है कि नागरिकता संशोधन कानून दुनिया के कई देशों में पहले से लागू है। यह कानून देश की तरक्की और अमन के लिए जरूरी है।
- मुस्लिम राष्ट्रीय मंच ने किया CAA का स्वागत
- देश की तरक्की के लिए जरूरी- शाहिद सईद
- रमजान के पाक महीने में सरकार ने साधुवाद भरा कदम उठाया- शाहिद सईद
यह कानून नागरिकता देने का कानून- सईद
आपको बता दें शाहिद सईद ने कहा कि दुनिया के अनेक देशों में सीएए कानून बहुत पहले से लागू है और यह देश की तरक्की, अमन और हिफाजत के लिए जरूरी कदम है। रमजान के पाक महीने में सरकार ने साधुवाद भरा कदम उठाया है। यह कानून नागरिकता देने का कानून है। किसी की नागरिकता लेने का नहीं है।बता दें राष्ट्रीय प्रवक्ता ने बताया कि पिछले साल मुख्य संरक्षक इंद्रेश कुमार की अध्यक्षता में 6 जून से 10 जून तक भोपाल में हुए चार दिवसीय कार्यशाला में मंच ने 11 मुद्दों पर ध्वनिमत से प्रस्ताव पारित किया था, जिनमें सीएए और समान नागरिक संहिता (यूसीसी) भी शामिल थे।
देश के हर मुसलमान को इसका स्वागत करना चाहिए
राष्ट्रीय संयोजक मोहम्मद अफजाल ने बताया कि भोपाल कार्यशाला, जिसमें मंच के एक हजार से अधिक बुद्धिजीवी, कार्यकर्ता तथा विभिन्न अधिकारियों ने शिरकत की थी, उसमें सर्वसम्मति से फैसला लिया गया था कि देश के हर मुसलमान को इसका स्वागत करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सीएए लागू होने से मुसलमान कतई नहीं घबराएं। यह कानून इज्जत और अधिकार देता है। लोगों को नागरिकता देता है न कि छीनता है।
इससे मुसलमानों का कोई लेना-देना नहीं- अफजाल
सूत्रों के मुताबिक, सीएएलोगों को नागरिकता देता है न की छीनता है। इससे मुसलमानों का कोई लेना-देना नहीं है। इसलिए अगर इस्लाम और मुसलमानों के तथाकथित रहनुमा और मजहबी ठेकेदार अगर नफरत, हिंसा और भड़काने का काम करते हैं तो ऐसे देश के गुनहगारों को मुसलमान तवज्जो न दे। मोहम्मद अफजाल ने कहा कि कुछ राजनीतिक पार्टियां राष्ट्रहित व सुरक्षा से समझौता कर राजनीति करते रहे हैं।


Download Android App
Download iOS App




