‘देश में नहीं है डीजल-पेट्रोल की कमी, चलाया जा रहा दुष्प्रचार अभियान’ केंद्र सरकार की जनता से अफवाहों पर गुमराह न होने की अपील

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Centre Appeal on Petrol and Diesel Shortages : केंद्र सरकार ने गुरुवार को एक बार फिर स्पष्ट किया है कि देश में एलपीजी सहित डीजल-पेट्रोल की कोई कमी नहीं है। सरकार ने इस मामले में जानबूझकर चलाए जा रहे दुष्प्रचार अभियान की निंदा भी की। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि देश में पेट्रोलियम और एलपीजी की आपूर्ति की स्थिति पूरी तरह सुरक्षित और नियंत्रण में है। सभी खुदरा ईंधन दुकानों में पर्याप्त आपूर्ति है। देश में कहीं भी पेट्रोल, डीजल या एलपीजी की कमी नहीं है। सरकार ने की अपील मंत्रालय ने नागरिकों से अपील की…

Centre Appeal on Petrol and Diesel Shortages : केंद्र सरकार ने गुरुवार को एक बार फिर स्पष्ट किया है कि देश में एलपीजी सहित डीजल-पेट्रोल की कोई कमी नहीं है। सरकार ने इस मामले में जानबूझकर चलाए जा रहे दुष्प्रचार अभियान की निंदा भी की। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि देश में पेट्रोलियम और एलपीजी की आपूर्ति की स्थिति पूरी तरह सुरक्षित और नियंत्रण में है। सभी खुदरा ईंधन दुकानों में पर्याप्त आपूर्ति है। देश में कहीं भी पेट्रोल, डीजल या एलपीजी की कमी नहीं है।

सरकार ने की अपील

मंत्रालय ने नागरिकों से अपील की है कि वे जानबूझकर फैलाई जा रही भ्रामक सूचनाओं के सुनियोजित अभियान से गुमराह न हों, इसका उद्देश्य अनावश्यक दहशत फैलाना है। सरकार ने कहा है कि भारत ऊर्जा सुरक्षा का अगुआ है। भारत विश्व का चौथा सबसे बड़ा पेट्रोलियम शोधक और पांचवां सबसे बड़ा निर्यातक है, जो 150 से अधिक देशों को परिष्कृत ईंधन की आपूर्ति करता है।

विश्व का शुद्ध निर्यातक होने के कारण भारत में घरेलू पेट्रोल और डीजल की उपलब्धता संरचनात्मक रूप से सुनिश्चित है। देश भर में एक लाख से अधिक खुदरा ईंधन दुकानें खुली हैं और बिना किसी रुकावट के ईंधन की आपूर्ति कर रही हैं। किसी भी दुकान को आपूर्ति सीमित करने के लिए नहीं कहा गया है।

‘आपूर्ति की कोई कमी नहीं’

सरकार का कहना है कि विश्व भर में कई देश मूल्य वृद्धि, सीमित आपूर्ति, विषम-सम वाहन प्रतिबंध और जबरन स्टेशन बंद करने जैसी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। कुछ ही देशों ने “राष्ट्रीय ऊर्जा आपातकाल” घोषित किया है लेकिन भारत में ऐसे किसी भी उपाय की आवश्यकता नहीं है क्योंकि आपूर्ति की कोई कमी नहीं है।

सरकार ने कहा कि कुछ चुनिंदा पंपों पर छिटपुट रूप से घबराहट में खरीदारी की गई है, वे सोशल मीडिया पर कुछ वीडियो द्वारा फैलाई गई जानबूझकर गलत सूचना के कारण हुईं। तेल कंपनियों द्वारा पेट्रोल पंपों को दी जाने वाली क्रेडिट अवधि को पहले की एक दिन की अनुमति से बढ़ाकर 3 दिन से अधिक करने के लिए भी कदम उठाए गए हैं।

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Rohit Singh

रोहित सिंह पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। राजनीति, समाज, अंतर्राष्ट्रीय, अपराध और शैक्षणिक लेख लिखने में दिलचस्पी रखते हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय से पोलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन और जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं।