लखनऊ, 13 मार्च (आईएएनएस)। भाजपा नेता राकेश त्रिपाठी ने आईएएनएस से बता करते हुए कहा कि भारत ने कई देशों के साथ पेट्रोलियम उत्पादों की खरीद के लिए समझौते किए हैं और देश में इन उत्पादों का पर्याप्त भंडार है। देश में पेट्रोलियम की कोई कमी नहीं है। हालांकि, कुछ राजनीतिक दल जानबूझकर अफवाहें फैलाकर जनता में भय पैदा कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसी घटिया राजनीति से लोगों को बचना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी वजह से देश के नागरिकों का नुकसान हो तो ऐसा नुकसान करने से बचना चाहिए। विपक्ष सरकार की आलोचना करे, सरकार के ऊपर सवाल करे लेकिन देश की जनता के लिए कोई समस्या खड़ी न करे।
बता दें कि एक दिन पहले 12 मार्च, गुरुवार को पीएम मोदी ने कहा कि ईरान संघर्ष के कारण तेल और गैस सप्लाई में आई रुकावटों के बीच सरकार भारत की एनर्जी सिक्योरिटी को सुरक्षित रखने के लिए हर मुमकिन कोशिश कर रही है। पीएम मोदी ने कहा कि उनकी सरकार ने एनर्जी सेक्टर में भारत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए पूरी तरह से काम किया है, जिससे देश को भारी बचत हुई है। उन्होंने कहा कि 2014 से पहले, भारत के पास स्ट्रेटेजिक पेट्रोलियम रिजर्व के लिए बहुत कम स्टोरेज कैपेसिटी थी। अब, हमारे पास काफी रिजर्व हैं।
उन्होंने सरकार द्वारा 5.33 मिलियन मीट्रिक टन (एमएमटी) की कुल कैपेसिटी वाली स्ट्रेटेजिक पेट्रोलियम रिजर्व फैसिलिटी बनाने का जिक्र किया, जो जियोपॉलिटिकल झगड़ों जैसे शॉर्ट-टर्म सप्लाई झटकों के लिए बफर का काम कर सकती हैं। इसका मकसद लगभग 9.5 दिनों की क्रूड ऑयल की जरूरत को पूरा करना है। इसके अलावा, देश में ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (ओएमसी) के पास 64.5 दिनों के लिए क्रूड ऑयल और पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स के स्टोरेज की फैसिलिटी हैं। इसलिए, क्रूड ऑयल और पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स के स्टोरेज के लिए अभी की कुल नेशनल कैपेसिटी 74 दिनों की है।
पीएम मोदी ने यह भी कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए दृढ़ है कि दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में युद्धों के कारण भारत के नागरिकों को किसी भी समस्या का सामना न करना पड़े। इस बीच, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने गुरुवार को कहा कि सरकार द्वारा निर्बाध ऊर्जा आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए सभी कदम उठाए जा रहे हैं, हर दिन 50 लाख एलपीजी सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं, इसलिए उपभोक्ताओं को रसोई गैस की पैनिक बुकिंग से बचना चाहिए।
–आईएएनएस
एसडी/एएस
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