गांधीनगर, 15 सितंबर (आईएएनएस)। सर्कुलर इकोनॉमी को बढ़ावा देने और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करने के लिए भारत की पहलों को प्रदर्शित करने के उद्देश्य से गुजरात के गांधीनगर में आज यानी मंगलवार से ‘वर्ल्ड सर्कुलर इकोनॉमी फोरम’ (डब्ल्यूसीईएफ) की शुरुआत होने जा रही है।
‘सर्कुलर इकोनॉमी: लोगों और समृद्धि के लिए बदलाव’ थीम पर आयोजित होने वाले इस फोरम का उद्घाटन केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव और गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल संयुक्त रूप से करेंगे।
एक अधिकारी ने रविवार को बयान में कहा कि भारत द्वारा डब्ल्यूसीईएफ 2026 की मेजबानी करना दक्षिण एशिया के लिए पहली बार होगा।
इस कार्यक्रम का आयोजन संयुक्त रूप से भारत के केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी), फिनिश इनोवेशन फंड सिट्रा, फिनलैंड सरकार, भारत के पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, गुजरात सरकार और गुजरात प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (जीपीसीबी) द्वारा किया जा रहा है।
इस कार्यक्रम में 65 से ज़्यादा देशों के 2,000 से अधिक अलग-अलग क्षेत्रों के स्टेकहोल्डर्स (हितधारक) हिस्सा लेंगे, जिनमें बिजनेस लीडर्स, उद्यमी, इनोवेटर्स, रिसर्चर, पॉलिसी बनाने वाले, शिक्षाविद और अन्य लोग शामिल होंगे।
यह फोरम ग्लोबल साउथ के साथ मिलकर काम करने और अधिक जुड़ाव बनाने में मदद करेगा, सर्कुलर फाइनेंस और प्राइवेट सेक्टर के निवेश को जुटाने में आसानी करेगा और पॉलिसी पर बातचीत और अलग-अलग सेक्टर के बीच पार्टनरशिप को बढ़ावा देगा। साथ ही सर्कुलेरिटी के लिए इनोवेशन, डिजिटलाइजेशन और टेक्नोलॉजी को आगे बढ़ाएगा।
सर्कुलेरिटी का फोकस मौजूदा मटेरियल और प्रोडक्ट्स को दोबारा इस्तेमाल करने, ठीक करने और रीसायकल करने और उन्हें कीमती संसाधनों के तौर पर इकॉनमी में वापस लाने पर होता है।
बयान में कहा गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी लीडरशिप में, भारत पर्यावरण से जुड़े कामकाज में बड़े बदलाव की अगुवाई कर रहा है और एक आधुनिक सर्कुलर इकॉनमी की ओर बढ़ रहा है।
उद्घाटन सत्र में शामिल होने वाले अन्य लोगों में गुजरात के वन, पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन मंत्री अर्जुनभाई मोधवाडिया और फिनलैंड के राजदूत मिक्को किविकोस्की के साथ-साथ केंद्र और गुजरात सरकार के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे।
बयान में कहा गया है कि 15 और 16 सितंबर को फोरम में चार मुख्य सत्र और 16 समानांतर विषयगत सत्र होंगे, जिनमें एआई के इस्तेमाल, रोजगार की संभावनाओं, ऊर्जा उत्पादन, फाइनेंस, गवर्नेंस, टिकाऊ प्रोडक्ट्स, औद्योगिक समाधान, स्टार्ट-अप इकोसिस्टम और युवा लीडरशिप जैसे विषयों पर चर्चा होगी।
इस इवेंट में एक एक्सपो भी होगा, जिसमें 125 से अधिक नेशनल और इंटरनेशनल एग्जिबिटर हिस्सा लेंगे। वे स्टार्ट-अप्स द्वारा तैयार किए गए प्रैक्टिकल सर्कुलर सॉल्यूशन और इन्वेस्टमेंट के लिए तैयार इनोवेशन को दिखाएंगे।
बयान के मुताबिक, डब्ल्यूसीईएफ के साथ-साथ, ‘सस्टेनेबल कंजम्पशन एंड प्रोडक्शन पैटर्न्स पर 10-ईयर फ्रेमवर्क ऑफ प्रोग्राम्स’ (10 वाईएफपी) का बोर्ड 15 सितंबर को गांधीनगर में अपनी इन-पर्सन मीटिंग करेगा।
भारत ने हाल ही में 10 वाईएफपी बोर्ड के को-चेयर की भूमिका संभाली है, जो सस्टेनेबल कंजम्पशन और प्रोडक्शन को बढ़ावा देने में उसकी लंबे समय से चली आ रही लीडरशिप को दिखाता है।
बयान में आगे कहा गया है कि 17 और 18 सितंबर को ग्लोबल सहयोगी गांधीनगर और दुनिया भर की अन्य जगहों पर ऑनलाइन या हाइब्रिड और इन-पर्सन तरीके से 80 एक्सेलेरेटर सेशन आयोजित करेंगे।
–आईएएनएस
ओपी/एएस
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