AI Impact Summit 2026 Theft: देश की राजधानी दिल्ली में आयोजित एआई समिट के पहले ही दिन एक स्टार्टअप कंपनी के स्टॉल से उपकरण चोरी होने का मामला सामने आया। यह समिट भारत मंडपम में हो रहा है, जहां देश-विदेश से कई बड़े उद्योगपति और Technical Expert शामिल हुए हैं। इस घटना का आरोप बेंगलुरु की कंपनी NeoSapien के सीईओ और सह-संस्थापक धनंजय यादव ने लगाया है। उनका कहना है कि उनकी कंपनी के एआई वियरेबल (AI wearables) डिवाइस स्टॉल से गायब हो गए।
AI Impact Summit 2026 Theft: क्या है पूरा मामला?

धनंजय यादव के अनुसार, घटना उस समय हुई जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi AI Summit) के कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने से पहले सुरक्षा जांच चल रही थी। यादव ने बताया कि दोपहर करीब 12 बजे सुरक्षाकर्मी एक्सपो एरिया में पहुंचे और सभी को अपने-अपने स्टॉल खाली करने के निर्देश दिए। प्रधानमंत्री का आगमन दोपहर 2 बजे निर्धारित था, इसलिए सख्त सुरक्षा व्यवस्था की जा रही थी।
यादव का कहना है कि उन्होंने सुरक्षा अधिकारियों को बताया कि उनकी कंपनी ने भारत में पहली बार पेटेंटेड एआई वियरेबल तैयार किए हैं और वे इन्हें प्रदर्शित करना चाहते हैं। पहले एक अधिकारी ने उन्हें रुकने की अनुमति दी, लेकिन बाद में कुछ अन्य सुरक्षाकर्मी आए और तुरंत स्टॉल खाली करने को कहा। उनके अनुसार, सुरक्षाकर्मियों के बीच समन्वय की कमी साफ दिखाई दे रही थी।
Day 1 of the AI Impact Summit turned to be a pain for us.
I came genuinely excited, it was the first time the summit was being hosted in India, and I wanted to show up personally to support the ecosystem and the government’s push.
But what happened next was shocking.
At 12… pic.twitter.com/9gVygparq0
— Dhananjay Yadav (@imDhananjay) February 16, 2026
India AI Impact Summit: डिवाइस साथ ले जाने की अनुमति नहीं मिली

धनंजय यादव ने बताया कि उन्होंने सुरक्षाकर्मियों से पूछा था कि क्या वे अपने एआई वियरेबल डिवाइस साथ ले जा सकते हैं। उन्हें जवाब मिला कि अन्य लोग भी अपने लैपटॉप और उपकरण वहीं छोड़ रहे हैं और सुरक्षा टीम उनकी देखरेख करेगी। लेकिन जब वे वापस लौटे, तो उनके डिवाइस वहां मौजूद नहीं थे। उन्होंने इस घटना को बेहद निराशाजनक और चिंताजनक बताया है।
AI समिट में शामिल बड़े नाम
यह AI समिट देश के सबसे चर्चित तकनीकी आयोजनों में से एक माना जा रहा है। इसका आयोजन भारत मंडपम में हो रहा है। उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 16 फरवरी को किया। इस कार्यक्रम में कई वैश्विक हस्तियां भी शामिल हैं।
इनमें सुंदर पिचई (Google के सीईओ), बिल गेट्स (Microsoft के सह-संस्थापक) और सैम ऑल्टमैन (OpenAI के सीईओ) जैसे दिग्गज शामिल हैं। समिट का उद्देश्य एआई के भविष्य, उसके प्रभाव और तकनीकी विकास पर चर्चा करना है।
धनंजय यादव ने जताई नाराजगी
धनंजय यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा कि यह समिट उनके लिए बहुत उम्मीदों के साथ शुरू हुआ था, लेकिन पहले ही दिन हुई इस घटना ने उन्हें दुखी कर दिया। उन्होंने कहा कि वे इस आयोजन में भाग लेकर देश के एआई इकोसिस्टम और सरकारी प्रयासों का समर्थन करना चाहते थे।
हालांकि, उनके साथ जो हुआ, उसने आयोजन की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब यह देखना बाकी है कि इस मामले में जांच के बाद क्या कार्रवाई की जाती है और क्या कंपनी को उसके उपकरण वापस मिल पाते हैं या नहीं।
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