BREAKING: मेरठ नीला ड्रम केस में बड़ा अपडेट! साहिल- मुस्कान को कोर्ट ने सुनाई फांसी की सजा

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Meerut Blue Drum Case Big Update:  मेरठ के चर्चित नीला ड्रम हत्याकांड में कोर्ट  ने बड़ा फैसला सुनाया है। सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में दोषी पत्नी मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला को फांसी की सजा दी गई है।

Meerut Blue Drum Case Big Update:  मेरठ के चर्चित नीला ड्रम हत्याकांड में कोर्ट  ने बड़ा फैसला सुनाया है। सौरभ राजपूत की हत्या के मामले में दोषी पत्नी मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल शुक्ला को फांसी की सजा दी गई है। इस मामले में करीब 19 महीने और 11 दिन बाद फैसला आया है। सुनवाई के दौरान सरकारी वकील ने दोनों दोषियों के लिए मृत्युदंड की मांग की थी। वहीं, बचाव पक्ष ने उनकी दो बेटियों का हवाला देते हुए अदालत से फांसी की सजा नहीं देने की अपील की थी।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, सजा पर सुनवाई के  दौरान मुस्कान और साहिल को जिला जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट  में पेश किया गया था। सुनवाई के दौरान जज ने दोनों से अलग-अलग पूछा कि क्या वे सजा के संबंध में कुछ कहना चाहते हैं। दोनों ने अपनी ओर से कोई बात नहीं रखी। इसके बाद अदालत ने मामले में सजा सुनाने की प्रक्रिया पूरी की और दोनों को फांसी की सजा सुनाई।

सौरभ के परिवार ने की थी फांसी की मांग

कोर्ट के फैसले से पहले सौरभ राजपूत के परिवार ने दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की थी। परिजनों का कहना था कि देश में इस तरह की घटनाएं सामने आने से समाज में चिंता बढ़ती है। उन्होंने कहा था कि अगर मुस्कान और साहिल को फांसी की सजा मिलती है, तो इससे अपराध करने वालों के बीच कानून का डर पैदा होगा।

परिवार के मुताबिक, सौरभ अब उनके बीच वापस नहीं आ सकता। परिजनों ने कोर्ट  से उम्मीद जताई थी कि दोषियों को ऐसी सजा मिले, जिससे उन्हें न्याय का एहसास हो सके। सौरभ के परिवार के लिए यह मामला केवल कानूनी लड़ाई नहीं, बल्कि अपने बेटे को खोने के बाद न्याय पाने की लंबी कोशिश भी रहा है।

क्या है मेरठ का नीला ड्रम हत्याकांड?

सौरभ राजपूत की हत्या का यह मामला सामने आने के बाद पूरे उत्तर प्रदेश में चर्चा का विषय बन गया था। मामले में मुस्कान रस्तोगी और साहिल शुक्ला पर सौरभ की हत्या करने तथा घटना से जुड़े सबूत छिपाने के आरोप लगे थे। जांच के दौरान पुलिस ने दोनों के खिलाफ साक्ष्य जुटाए और अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और अभियोजन पक्ष ने अदालत में अपना पक्ष रखा। सुनवाई के दौरान उपलब्ध साक्ष्यों और अन्य तथ्यों पर विचार किया गया। इसके बाद अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषी ठहराया और सजा सुनाई।

इस हत्याकांड की जांच के दौरान पुलिस ने मामले से जुड़े सबूत जुटाए और आरोपपत्र दाखिल किया। इसके बाद कोर्ट  में मुकदमे की सुनवाई हुई। अभियोजन पक्ष ने दोषियों के लिए कड़ी सजा की मांग की, जबकि बचाव पक्ष ने सजा में नरमी बरतने की अपील की। सौरभ राजपूत हत्याकांड का फैसला पीड़ित परिवार के लिए लंबे इंतजार के बाद आया है। कोर्ट ने दोनों दोषियों को फांसी की सजा सुनाई है। इस मामले में परिवार की ओर से न्याय की मांग, पुलिस की जांच और कोर्ट  में हुई सुनवाई अहम पहलू रहे।

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Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।