रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक मुकेश अंबानी ने शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से ‘डेटा के उपनिवेशीकरण’ के खिलाफ कदम उठाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि भारत के लोगों के डेटा भारतीयों के पास ही रहने चाहिए। राजनीतिक औपनिवेशीकरण के खिलाफ महात्मा गांधी के अभियान का उल्लेख करते हुए अंबानी ने कहा कि भारत को अब डेटा पर दूसरे देशों के कब्जे को खत्म करने के लिए नया अभियान छेड़ने की जरूरत है।
वाइब्रेंट गुजरात समिट में अंबानी ने कहा, “गांधी जी की अगुवाई में भारत ने राजनीतिक औपनिवेशीकरण के खिलाफ अभियान चलाया। अब हमें आंकड़ों के उपनिवेशीकरण के खिलाफ सामूहिक तौर पर अभियान छेड़ने की जरूरत है।” अंबानी ने कहा कि नये विश्व में डेटा नयी संपत्ति है। उन्होंने कहा, “भारतीय आंकड़े भारत के लोगों के पास होने चाहिए, ना कि कॉरपोरेट्स के पास खासकर वैश्विक कॉरपोरेशनों के पास।”
जानिए, हर मिनट करोड़ों कमाने वाले मुकेश अंबानी अपने पास कितने पैसे रखते हैं
अंबानी ने भारतीय लोगों के आंकड़ों को वापस भारत लाने के लिए प्रयास करने का आह्वान किया। दिग्गज उद्योगपति ने प्रधानमंत्री की सरहाना करते हुए कहा कि पूरे विश्व में ‘मोदी’ की पहचान काम करने वाले व्यक्ति के रूप में हुई है। अंबानी ने कहा, “माननीय प्रधानमंत्री, मैं इस बात को लेकर आश्वस्त हूं कि आप इसे डिजिटल भारत मिशन का एक प्रमुख लक्ष्य बनाएंगे।”


Download Android App
Download iOS App




