धर्म के ठेकदार बन रहे मौलाना शहाबुद्दीन रिजवी! फिल्म ‘धुरंधर 2’ को बताया हिंदू-मुस्लिम में दरार डालने की साजिश

Summary :

Shahabuddin Rizvi on Dhurandhar 2: फिल्म ”धुरंधर 2” को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। अखिल भारतीय मुस्लिम जमात के प्रमुख मौलाना शहाबुद्दीन रिजवी बरेलवी ने आरोप लगाया है कि फिल्म के निर्माता पैसा कमाने के लिए हिंदू-मुस्लिम के बीच दरार पैदा कर रहे हैं। वहीं फिल्म के मेकर्स का कहना है कि इसकी कहानी पाकिस्तान में आतंकवाद और ISI की गतिविधियों को उजागर करने पर आधारित है। ऐसे में सवाल उठता है कि जब फिल्म का फोकस आतंकवाद पर है, तो इसे धर्म से जोड़कर विवाद क्यों खड़ा किया जा रहा है? Shahabuddin Rizvi on Dhurandhar 2: फिल्म की…

Shahabuddin Rizvi on Dhurandhar 2: फिल्म ”धुरंधर 2” को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। अखिल भारतीय मुस्लिम जमात के प्रमुख मौलाना शहाबुद्दीन रिजवी बरेलवी ने आरोप लगाया है कि फिल्म के निर्माता पैसा कमाने के लिए हिंदू-मुस्लिम के बीच दरार पैदा कर रहे हैं। वहीं फिल्म के मेकर्स का कहना है कि इसकी कहानी पाकिस्तान में आतंकवाद और ISI की गतिविधियों को उजागर करने पर आधारित है। ऐसे में सवाल उठता है कि जब फिल्म का फोकस आतंकवाद पर है, तो इसे धर्म से जोड़कर विवाद क्यों खड़ा किया जा रहा है?

Shahabuddin Rizvi on Dhurandhar 2: फिल्म की शुरुआत और बैकस्टोरी


फिल्म का दूसरा भाग 6 अध्यायों में बांटा गया है। इसकी शुरुआत फ्लैशबैक से होती है, जिसमें मुख्य किरदार जसकीरत सिंह रांगी की पिछली जिंदगी दिखाई जाती है। वह एक फौजी परिवार से जुड़ा हुआ है। उसके पिता सेना में थे और वह खुद भी देश की सेवा करने का सपना देखता है। लेकिन अचानक उसकी जिंदगी में ऐसा मोड़ आता है जो सब कुछ बदल देता है।

बदले की भावना और जेल की सजा

परिवार के साथ हुए अन्याय से जसकीरत अंदर ही अंदर टूट जाता है। गुस्से में वह एक विधायक के घर पर हमला कर देता है, जिसमें हिंसा होती है। इस घटना के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया जाता है और अदालत उसे उम्रकैद की सजा सुनाती है। जेल में उसका जीवन पूरी तरह बदल जाता है, जहां उसकी मुलाकात एक महत्वपूर्ण व्यक्ति से होती है।

देश के लिए मिशन की शुरुआत

जेल में इंटेलिजेंस ब्यूरो के डायरेक्टर अजय सान्याल उससे मिलते हैं। वह जसकीरत को एक खास मिशन के लिए तैयार करते हैं। उसे अपनी पहचान छुपाकर पाकिस्तान भेजा जाता है, जहां वह “हमजा अली मजारी” के नाम से अंडरकवर एजेंट बनकर काम करता है। पहले भाग में उसकी इस मिशन की शुरुआत दिखाई गई थी, जहां वह दुश्मनों के बीच अपनी जगह बनाता है।

रहमान की मौत के बाद नई कहानी

Dhurandhar 2
Dhurandhar 2 (Social Media)

दूसरे भाग की कहानी रहमान नाम के एक बड़े अपराधी की मौत के बाद शुरू होती है। उसकी मौत से सत्ता का संतुलन बिगड़ जाता है। इस स्थिति का फायदा उठाते हुए हमजा, रहमान के छोटे भाई उजैर को नया सरगना बनाता है, ताकि वह अपने मिशन को आगे बढ़ा सके।

रहस्यमयी ‘बड़े साहब’ का ट्विस्ट

कहानी में आगे एक नया मोड़ आता है, जब मेजर इकबाल हमजा की मुलाकात एक रहस्यमयी शख्स “बड़े साहब” से कराते हैं। यहीं से फिल्म में सस्पेंस और बढ़ जाता है। दर्शकों के मन में कई सवाल खड़े होते हैं—आखिर यह बड़े साहब कौन हैं? क्या हमजा का असली लक्ष्य इन्हें खत्म करना है?

एक्शन, सस्पेंस और देशभक्ति का मेल

फिल्म में देशभक्ति, बदले की भावना और अंडरकवर मिशन का बेहतरीन मिश्रण देखने को मिलता है। कहानी में कई ऐसे ट्विस्ट हैं जो दर्शकों को अंत तक बांधे रखते हैं। फिल्म का असली मजा इसके सस्पेंस में छिपा है, जिसके जवाब जानने के लिए इसे देखना जरूरी है।

विवाद की असली वजह

फिल्म की कहानी आतंकवाद और दुश्मन देश की गतिविधियों पर आधारित है, लेकिन इसे धार्मिक नजरिए से देखने की वजह से विवाद पैदा हो रहा है। यही वजह है कि यह फिल्म चर्चा का विषय बनी हुई है।

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Amit Kumar

अमित कुमार पिछले 3 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं। उन्हें विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन, आईआईएमसी से पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा और उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन विश्वविद्यालय से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की शुरुआत उन्होंने वेबसाइट पर लिखने से की। इसके बाद इंडिया डेली न्यूज़ चैनल और न्यूज़ इंडिया 24x7 में हिंदी सब-एडिटर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।