भूपेन बोरा ने कुछ ही घंटों में वापस लिया इस्तीफा, गोगोई, जितेंद्र और प्रद्युत को लगाया था मनाने में

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Bhupen Borah Withdrawn Resignation : सोमवार 16 फरवरी को पार्टी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को अपना इस्तीफा सौंपने के कुछ घंटों बाद ही असम कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा ने इस्तीफा वापस ले लिया. कांग्रेस अध्यक्ष को भेजे अपने इस्तीफे में दावा किया था कि वे पार्टी नेतृत्व की ओर से नजरअंदाज किए जा रहे हैं. भूपेन बोरा ने इससे पहले बताया कि उन्होंने सुबह करीब 8 बजे पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व को अपना इस्तीफा भेजा था. Bhupen Borah Withdrawn Resignation : क्या कहा बोरा ने उन्होंने ने कहा था, ‘मैंने कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया है. मैंने…

Bhupen Borah Withdrawn Resignation : सोमवार 16 फरवरी को पार्टी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को अपना इस्तीफा सौंपने के कुछ घंटों बाद ही असम कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा ने इस्तीफा वापस ले लिया. कांग्रेस अध्यक्ष को भेजे अपने इस्तीफे में दावा किया था कि वे पार्टी नेतृत्व की ओर से नजरअंदाज किए जा रहे हैं. भूपेन बोरा ने इससे पहले बताया कि उन्होंने सुबह करीब 8 बजे पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व को अपना इस्तीफा भेजा था.

Bhupen Borah Withdrawn Resignation : क्या कहा बोरा ने

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Bhupen Borah Withdrawn Resignation ( SOURCE : SOCIAL MEDIA)

उन्होंने ने कहा था, ‘मैंने कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया है. मैंने अपना इस्तीफा पहले ही केंद्रीय नेतृत्व को भेज दिया है. यह फैसला आत्मसम्मान की रक्षा के लिए लिया गया. कांग्रेस के कामकाज के प्रति नाराजगी जाहिर करते हुए भूपेन बोरा ने कहा कि पार्टी आलाकमान संगठन के मामलों पर समय पर और अहम फैसले लेने में नाकाम रहा है.”

आपको बता दें, असम में इस साल विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं और ऐसे में भूपेन बोरा के इस्तीफे ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी थी. इस पर राज्य के मुख्यमंत्री व भाजपा नेता हेमंता बिसवा शर्मा ने भी चुटकी ली थी। हालांकि इस्तीफे के बाद कांग्रेस नेता गौरव गोगोई, भंवर जितेंद्र सिंह और प्रद्युत बोरदोलोई, रायजोर डोल प्रमुख अखिल गोगोई के साथ भूपेन बोराह के गुवाहाटी स्थित आवास पर उनके बातचीत करने पहुंचे थे.

Assam Political News : फैसला बदलने की वजह

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Bhupen Borah Withdrawn Resignation ( SOURCE : SOCIAL MEDIA)

असम कांग्रेस प्रभारी भंवर जितेंद्र सिंह ने कहा, ‘मैं भूपेन बोरा को अपना इस्तीफा वापस लेने के लिए धन्यवाद देता हूं. सीनियर कांग्रेस लीडर भूपेन बोरा कांग्रेस परिवार के एक अहम सदस्य हैं. उन्होंने अपना इस्तीफा हमारी पार्टी के नेशनल प्रेसिडेंट को भेजा था. कभी-कभी कांग्रेस परिवार में मतभेद हो जाते हैं. कांग्रेस प्रेसिडेंट ने उनका इस्तीफा स्वीकार नहीं किया है. राहुल गांधी समेत पार्टी लीडरशिप ने उनसे लंबी बातचीत की. हमने बातचीत से इसे सुलझा लिया है. वह पिछले 30 सालों से कांग्रेस में थे.’

खास नेताओं का नाम लेने से बचते हुए भूपेन बोरा ने लगातार अंदरूनी मुद्दों और लीडरशिप की कमजोरी की ओर इशारा किया. उनका कहना था कि पार्टी में बने रहना मुश्किल हो गया था. असम कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने कहा कि कई मौकों पर चिंता जताने के बावजूद, टॉप लीडरशिप की ओर से कोई मतलब का जवाब नहीं मिला. उन्होंने कहा, ‘यह कोई अचानक लिया गया फैसला नहीं है. मैंने इसके बारे में ध्यान से सोचा है.’

Bhupen Borah Congress Leader : भूपेन बोरा को मिला था औफ़र

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Bhupen Borah Withdrawn Resignation (SOCIAL MEDIA)

भूपेन बोरा के इस्तीफे के बाद असम के मुख्यमंत्री हेमंता बिसवा शर्मा ने चुटकी लेते कहा कि भूपेन बोरा कांग्रेस के आखिरी हिन्दू नेता थे। बता दें, कांग्रेस से इस्तीफा देने के तुरंत बाद भूपेन बोरा को बीजेपी ने ऑफर दिया था. असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि भूपेन बोरा के लिए भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के दरवाजे खुले हैं. उन्होंने ये भी कहा कि अगर बोरा बीजेपी में शामिल होते हैं तो वह उन्हें किसी सुरक्षित सीट से चुनाव जितवाने की कोशिश करेंगे.

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘बोरा ने अभी तक मुझसे या बीजेपी से संपर्क नहीं किया है और फिलहाल हमारा उनसे प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से कोई संपर्क नहीं है.’

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Rohit Singh

रोहित सिंह पिछले 5 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं। राजनीति, समाज, अंतर्राष्ट्रीय, अपराध और शैक्षणिक लेख लिखने में दिलचस्पी रखते हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय से पोलिटिकल साइंस में ग्रेजुएशन और जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई पूरी की है। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं।