तेलंगाना के कुछ हिस्सों में पिछले 2 दिनों में हुई भारी बारिश ने 8 लोगों की जान ले ली। साथ ही बारिश होने से सामान्य जनजीवन ठप, सड़क परिवहन बाधित और फसलों को व्यापक नुकसान हुआ है। बंगाल की खाड़ी में कम दबाव के कारण हुई बारिश से उत्तरी तेलंगाना में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है। नालों, झीलों, टैंकों और अन्य जल निकायों के अतिप्रवाह से दर्जनों कस्बों के रिहायशी इलाके जलमग्न हो गए।
हाईवे पर पानी बहने से कई इलाकों में सड़क संपर्क टूट गया है। हैदराबाद को उत्तरी तेलंगाना के कई जिलों से जोड़ने वाली सड़कें जलमग्न हो गईं। करीमनगर-जगटियाल, सिरसिला-करीमनगर, निजामाबाद-बोधन राजमार्ग पानी में डूब गए। बारिश के कहर से राजन्ना सिरसिला जिला सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है। सिरसिला शहर के कई हिस्सों में पानी भर गया है। ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम (जीएचएमसी) की आपदा प्रतिक्रिया बल (डीआरएफ) की टीमें बचाव और राहत कार्यों के लिए नावों और अन्य उपकरणों के साथ शहर पहुंचीं।
राजन्ना सिरसिला जिला प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से 216 परिवारों को राहत शिविरों में स्थानांतरित कर दिया है। करीमनगर शहर में कम से कम 15 कॉलोनियों में पानी भर गया। पुराने घरों और बिजली के खंभों के क्षतिग्रस्त होने की खबर है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने अगले दो दिनों के लिए तेलंगाना में बहुत भारी बारिश होने का अनुमान लगाया है।
बारिश से जुड़ी अलग-अलग घटनाओं में मंगलवार से अब तक कम से कम आठ लोगों की मौत हो चुकी है। जगतियाल जिले में एक व्यक्ति और उसका बेटा बाढ़ के पानी में बह गए। के. गंगामल्लू (47) और उनका बेटा विष्णुवर्धन (7) मोटरबाइक पर सवार होकर एक राजमार्ग पर बहते पानी में फंसने के बाद बह गए। सिरसिला कस्बे में खुले मैनहोल में गिरने से 55 वर्षीय एक व्यक्ति की मौत हो गई। बचाव कर्मियों ने शव को बाहर निकाला।
कामारेड्डी जिले में मकान गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई और एक अन्य घायल हो गया। इसी जिले में एक महिला बाढ़ के पानी में बह गई जबकि एक किसान अपने खेत में करंट की चपेट में आ गया। सिद्दीपेट जिले में उफनती धारा को पार करने की कोशिश में एक 45 वर्षीय व्यक्ति बह गया। पेद्दापल्ली, जयशंकर भूपालपल्ली, मुलुगु, आसिफाबाद, निर्मल, आदिलाबाद, भद्राद्री-कोठागुडेम और खम्मम सहित कई जिलों को अगले दो दिनों के लिए रेड अलर्ट पर रखा गया है।


Download Android App
Download iOS App



