शिवसेना ने गुरुवार को कहा कि महाराष्ट्र सरकार मुंबई में प्रवासी कामगारों के उपद्रव के षड्यंत्र का भंडाफोड़ करेगी। उसने विपक्षी दल भाजपा पर आरोप लगाया कि वह राज्य की उद्धव ठाकरे नीत सरकार को परेशान करने में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ रही है।
शिवसेना के मुखपत्र ‘सामना’ के संपादकीय में कहा गया है कि बाहर जाने वाली रेलगाड़ियां न केवल बांद्रा से बल्कि लोकमान्य तिलक टर्मिनस, मुंबई सेंट्रल और छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस से जाती हैं। लेकिन भीड़ केवल बांद्रा में इकट्ठी हुई। इसने दावा किया कि टेलीविजन समाचार चैनलों ने गुजरात के सूरत में इस तरह की स्थिति को पूरी तरह नजरअंदाज किया।
लॉकडाउन को लेकर CM योगी सख्त, कोरोना संक्रमण छिपाने पर कड़ी कार्यवाई का दिया निर्देश
मराठी दैनिक ने कहा कि “आप इसे क्या कहेंगे? यह बड़ा षड्यंत्र है और हम इसका भंडाफोड़ करेंगे। राज्य सरकार कोरोना वायरस संकट को अशांति फैलाने के अवसर के तौर पर लेने के प्रयासों को खत्म करेगी। हमें दुख है कि विपक्ष इतना नीचे गिर गया।” बता दें कि लॉकडाउन के नियमों का उल्लंघन कर मंगलवार को एक हजार से अधिक प्रवासी कामगार बांद्रा स्टेशन पर इकट्ठा हो गए और अपने घरों को जाने के लिए परिवहन की व्यवस्था करने की मांग करने लगे।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इससे कुछ घंटे पहले ही लॉकडाउन की अवधि तीन मई तक बढ़ाने की घोषणा की थी। शिवसेना ने कहा कि वर्तमान संकट का असर पूरे समाज पर पड़ा है लेकिन दैनिक मजदूर सबसे बुरी तरह प्रभावित हुए हैं और सरकार को गरीब लोगों के लिए अलग रूख अपनाने की जरूरत है।


Download Android App
Download iOS App



