महाराष्ट्र के अहमदनगर में पुलिस ने सामाजिक कार्यकर्ता तृप्ति देसाई और उनके संगठन के अन्य सदस्यों को शिरडी जाते समय रास्ते में हिरासत में ले लिया। वे लोग साईबाबा मंदिर के बाहर लगे बोर्ड को हटाने के लिए शिरडी जा रहे थे जिस पर लिखा है कि श्रद्धालु ‘‘सभ्य तरीके के’’ कपड़े पहनें। देसाई ने पहले चेतावनी दी थी कि अगर विवादास्पद संदेश वाले बोर्ड को नहीं हटाया जाता है तो वह और अन्य कार्यकर्ता 10 दिसंबर को शिरडी जाएंगे और खुद ही बोर्ड हटा देंगे।
सब डिविजनल मजिस्ट्रेट (शिरडी क्षेत्र) गोविंद शिंदे ने मंगलवार को कानून-व्यवस्था की स्थिति का हवाला देते हुए देसाई को नोटिस जारी किया था और उनसे कहा था कि अहमदनगर के शिरडी में 8 दिसंबर की मध्य रात्रि से 11 दिसंबर की मध्य रात्रि तक प्रवेश नहीं करें। बहरहाल, नोटिस की अवहेलना करते हुए देसाई अपनी संगठन ‘भूमाता ब्रिगेड’ के 20 सदस्यों के साथ गुरुवार की सुबह शिरडी जाने के लिए पुणे से रवाना हुईं।
अहमदनगर के पुलिस अधीक्षक मनोज पाटिल ने कहा, ‘‘हमने पुणे-अहमदनगर राजमार्ग पर सुपा गांव के पास बंबई पुलिस कानून की धारा 68 के तहत देसाई को और संगठन के 15-16 अन्य सदस्यों को हिरासत में लिया।’’दरअसल, साईबाबा मंदिर न्यास ने हाल में मंदिर परिसर के बाहर एक बोर्ड लगाकर श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे ‘‘भारतीय संस्कृति’’ के मुताबिक ‘‘सभ्य’’ तरीके से कपड़े पहनें।
न्यास के अधिकारियों ने कहा कि उन्हें शिकायतें मिली थीं कि कुछ लोग मंदिर में ‘‘आपत्तिजनक’’ तरीके से कपड़े पहनकर आते हैं। बहरहाल, न्यास के एक वरिष्ठ अधिकारी ने स्पष्ट किया कि उन्होंने श्रद्धालुओं पर कोई ड्रेस कोड लागू नहीं किया है और यह संदेश केवल अपील है।


Download Android App
Download iOS App



