विश्व कप में न चुने जाने पर पहली बार संजू ने दिया बड़ा बयान, कहा: चुनौतीपूर्ण है

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वहीं अपनी टीम के बारे में उन्होंने कहा कि हमारी टीम में क्रिकेटरों की गुणवत्ता अविश्वसनीय है. इससे हर एक खिलाड़ी को अपना स्तर बढ़ाने में मदद मिलती है. हम खुद को चुनौती देते रहते हैं. हम हर बार मौका मिलने पर अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश करते हैं. ए सीरीज में खेलने वाले युवा खिलाड़ी सीनियर टीम में चुने जाने के रडार पर रहते हैं.

हप्ते भर पहले भारतीय टीम का विश्व कप के लिए अनाउंसमेंट हुआ,जिसमें संजू सैमसन जैसे क्रिकेटर का नाम नहीं था. क्रिकेट फैंस को बहुत उम्मीद थी कि उनका नाम भारतीय टीम में जरुर होगा, पर ऐसा नहीं हुआ. वहीं उसके बाद कई बवाल भी खड़े हुए कि उनका नाम होना चाहिए था. संजू के टीम में ना होने की वजह से ऋषभ पंत को लोगों ने घेरे में ले लिया था. हालांकि संजू ने कभी भी इसको लेकर बीसीसीआई या फिर सेलेक्शन कमिटी पर कभी कोई उलटा बयान नहीं दिया कि उन्हें टीम में लेना चाहिए था या फिर ऐसा कुछ. 
पर अब उन्होंने इस बात पर पहली बार अपनी चुप्पी तोड़ी है. दरअसल वो न्यूजीलैंड ए के खिलाफ इंडिया ए के लिए कप्तानी कर रहे हैं. तीन मैचों के सीरीज का आज पहला मुकाबला खेला जाने वाला है. मैच शुरू होने से पहले वो मीडिया के सामने आए और उन्होंने यह बड़ी बातें कही. उन्होंने कहा कि मैं अलग-अलग भूमिकाएं निभाने की कोशिश कर रहा हूं. इस पर मैंने कई सालों तक काम किया है. मुझे भरोसा है कि मैं किसी भी क्रम में बल्लेबाजी कर सकता हूं. सैमसन का मानना है कि सफल होने के लिए आपको हर तरह की भूमिका निभानी चाहिए. आप लोगों को यह नहीं बता सकते कि ‘मैं एक ओपनर हूं या मैं एक फिनिशर हूं.’ पिछले तीन-चार वर्षों में विभिन्न भूमिकाओं और स्थानों पर खेलने से मेरे खेल में निखार आया है.
इसके बाद उन्होंने कहा कि भारतीय टीम में जगह पाना चुनौतीपूर्ण है और खिलाड़ियों के बीच बहुत प्रतिस्पर्धा है. यहां तक कि वह खिलाड़ी जो टीम में चुने गए हैं, उनमें भी प्रतिस्पर्धा है. जब ये चीजें होती हैं, तो खुद पर ध्यान देना महत्वपूर्ण होता है. मैं जिस तरह से प्रदर्शन कर रहा हूं उससे खुश हूं. मैं और सुधार करना चाहता हूं.
वहीं अपनी टीम के बारे में उन्होंने कहा कि हमारी टीम में क्रिकेटरों की गुणवत्ता अविश्वसनीय है. इससे हर एक खिलाड़ी को अपना स्तर बढ़ाने में मदद मिलती है. हम खुद को चुनौती देते रहते हैं. हम हर बार मौका मिलने पर अच्छा प्रदर्शन करने की कोशिश करते हैं. ए सीरीज में खेलने वाले युवा खिलाड़ी सीनियर टीम में चुने जाने के रडार पर रहते हैं.
 तो संजू के इन बातों से लगता है कि वो खुश हैं और खुद को मोटिवेट करते हुए आगे बढ़ा रहे हैं. वैसे हम उम्मीद करेंगे की संजू जल्द मुख्य भारतीय टीम में वापस आएं. उन्होंने अब तक कुल 7 वनडे और 16 टी20 मुकाबले खेले हैं, जिसमें उन्होंने क्रमश: 176 और 296 रन बनाएं हैं.

Desk Team