ईरान अपने परमाणु ठिकानें ध्वस्त करे, 450KG यूरेनियम IAEA को सौंपे…जंग रोकने के लिए अमेरिका ने रखी यह 15 शर्तें

Summary :

US 15 Conditions To End War: खाड़ी देशों में जारी जंग के बीच शांती वार्ता और समझौते के दावा किए जा रहे है। इसी बीच ईरान ने अमेरिका के आगे युद्ध रोकने के लिए 7 शर्तें रखी है वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प और उनके प्रशासन ने ईरान के सामने मौजूदा संघर्ष को समाप्त करने के लिए 15 शर्तें रखी हैं। इज़रायल ने वाशिंगटन ने यरूशलेम को अपनी वार्ताओं की जानकारी भी दी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि यरूशलेम इस बात से चिंतित है कि ट्रंप और उनकी टीम युद्ध रोकने की शर्त के रूप में इन मांगों पर…

US 15 Conditions To End War: खाड़ी देशों में जारी जंग के बीच शांती वार्ता और समझौते के दावा किए जा रहे है। इसी बीच ईरान ने अमेरिका के आगे युद्ध रोकने के लिए 7 शर्तें रखी है वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प और उनके प्रशासन ने ईरान के सामने मौजूदा संघर्ष को समाप्त करने के लिए 15 शर्तें रखी हैं। इज़रायल ने वाशिंगटन ने यरूशलेम को अपनी वार्ताओं की जानकारी भी दी है। रिपोर्ट में कहा गया है कि यरूशलेम इस बात से चिंतित है कि ट्रंप और उनकी टीम युद्ध रोकने की शर्त के रूप में इन मांगों पर जोर देने के बजाय ईरान के साथ समझौते के लिए दबाव डालना चाहते हैं।

US 15 Conditions To End War: अमेरिका ने रखी यह 15 शर्तें

US 15 Conditions To End War
US 15 Conditions To End War (Source: Social Media)

युद्ध रोकने के लिए अमेरिका ने 15 मांगों और लाभों में के बारे में जानकारी दी गई है। जानते है सभी को विस्तार से..

  1. अमेरिका ने कहा कि ईरान को अपनी मौजूदा परमाणु क्षमताओं को खत्म करना होगा।
  2. ईरान को परमाणु हथियार बनाने का प्रयास न करने की प्रतिबद्धता व्यक्त करनी होगी।
  3. 3. अमेरिका ने बताया कि ईरान की धरती पर यूरेनियम का विकास नहीं किया जाएगा ।
  4. ईरान को निकट भविष्य में, एक तय समय के अनुसार, अपने पास मौजूद लगभग 450 किलोग्राम यूरेनियम को अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी को सौंपना होगा।
  5. ईरान के नतान्ज़, इस्फ़हान और फ़ोर्डो परमाणु संयंत्रों को ध्वस्त किया जाना चाहिए।
  6. संयुक्त राष्ट्र की परमाणु निगरानी संस्था, आईएईए को ईरान के अंदर पूर्ण पहुंच, पारदर्शिता और निगरानी प्रदान की जानी चाहिए ।
  7. ईरान को अपने क्षेत्रीय प्रॉक्सी प्रतिमान को त्याग देना चाहिए।
  8. ईरान को अपने क्षेत्रीय प्रॉक्सी को वित्तपोषण, निर्देशन और हथियार मुहैया कराना बंद करना होगा।
  9. होर्मुज खुला रहना चाहिए और एक मुक्त समुद्री गलियारे के रूप में कार्य करना चाहिए।
  10. ईरान के मिसाइल कार्यक्रम को सीमा और मात्रा दोनों में सीमित किया जाना चाहिए, जिसके लिए विशिष्ट सीमाएं बाद के चरण में निर्धारित की जाएंगी।
  11. मिसाइलों का भविष्य में कोई भी उपयोग आत्मरक्षा तक ही सीमित रहेगा।
  12. ईरान को अंतरराष्ट्रीय समुदाय द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों से पूर्ण रूप से मुक्ति मिल जाएगी।
  13. अमेरिका, ईरान को उसके नागरिक परमाणु कार्यक्रम को आगे बढ़ाने में सहायता करेगा, जिसमें बुशहर परमाणु संयंत्र में बिजली उत्पादन भी शामिल है।
  14. “स्त्रैपबैक” तंत्र, जो ईरान द्वारा अनुपालन न करने पर प्रतिबंधों को स्वचालित रूप से फिर से लागू करने की अनुमति देता है, को हटा दिया जाएगा।
  15. इस समझौते को मानने के लिए 30 दिन का सीजफायर प्रस्ताव रखा गया है।

US 15 Conditions To End War: ईरान प्रस्ताव पर विचार करेगा

US 15 Conditions To End War (1)
US 15 Conditions To End War (Source: Social Media)

यह प्रस्ताव एक मध्यस्थ देश के माध्यम से ईरान को भेजा गया है और जवाब देने के लिए एक समय सीमा तय की गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि ईरान ने अमेरिका को बताया कि वह प्रस्ताव पर विचार करेगा, लेकिन साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि कुछ शर्तें ऐसी हैं जिन्हें वह कभी स्वीकार नहीं करेगा। रिपोर्ट में यह भी दावा किया गया है कि इस समस्या को सुलझाने के लिए निकट भविष्य में एक शांति शिखर सम्मेलन आयोजित होने की संभावना है।

ALSO READ: युद्ध रोकने के लिए ईरान ने रखी 7 शर्तें, क्या मानेगा अमेरिका या PAK निभाएगा मध्यस्थता की भूमिका!

Himanshu Negi

हिमांशू नेगी को देश-विदेश, बिजनेस, ऑटो, टेक और गैजेट्स से जुड़ी खबरें लिखने का अच्छा अनुभव है। उन्होंने GGSIPU से संबद्ध LLDIMS कॉलेज से बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन (BJMC) की पढ़ाई की है। इसके बाद HNBGU Central University से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन (MAJMC) पूरा किया और पत्रकारिता की शुरुआत की। दैनिक जागरण और IJCP Pvt Ltd. में इंटर्नशिप करने के बाद उन्होंने सुदर्शन टीवी चैनल में 9 PM शो के लिए प्रोड्यूसर के तौर पर काम किया। वर्तमान में वह पंजाब केसरी, दिल्ली में हिंदी सब-एडिटर के पद पर कार्यरत हैं।