देश की सबसे बड़ी अदालत (सुप्रीम कोर्ट) ने बृहस्पतिवार को (यानी आज) कहा कि वह सबरीमला मामले में दलीलें पूरी होने के बाद सीएए (Amended citizenship act) को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई करेगा।
जस्टिस एस. ए. बोबडे की अध्यक्षता वाली पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल के सीएए मामलों पर तत्काल सुनवाई किए जाने का अनुरोध करने के बाद यह टिप्पणी की। कोर्ट ने कहा कि अब तक केंद्र सरकार ने इस मामले में कोई जवाब दाखिल नहीं किया है।
अटॉर्नी जनरल के. के. वेणुगोपाल ने पीठ को बताया कि केंद्र कुछ दिनों में जवाब दाखिल करेगा। पीठ में न्यायमूर्ति बी. आर. गवई और न्यायमूर्ति सूर्यकांत भी शामिल रहे। नौ सदस्यीय पीठ सबरीमाला मंदिर और मस्जिदों में महिलाओं के प्रवेश तथा दाऊदी बोहरा समुदाय में महिलाओं के खतने की प्रथा समेत विभिन्न धार्मिक मामलों पर विचार कर रही है।


Download Android App
Download iOS App



