लोकसभा में प्रधानमंत्री बोले – किसानों के सशक्तिकरण के लिये सरकार प्रतिबद्ध

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प्रधानमंत्री नरेन्द मोदी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा का जवाब देते हुए, लोकसभा में कहा कि किसानों की आय बढ़ाना सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है और वह न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ाने, फसल बीमा को प्रभावी बनाने, वर्षों से लटकी सिंचाई योजनाओं को पूरा करके इस दिशा में प्रतिबद्धता से काम कर रही है ।

प्रधानमंत्री नरेन्द मोदी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा का जवाब देते हुए, लोकसभा में कहा कि किसानों की आय बढ़ाना सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है और वह न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ाने, फसल बीमा को प्रभावी बनाने, वर्षों से लटकी सिंचाई योजनाओं को पूरा करके इस दिशा में प्रतिबद्धता से काम कर रही है । 
मोदी ने कहा, ‘‘सिंचाई से लेकर उद्योग तक, सड़क से लेकर बंदरगाह तक और हवाई मार्ग से लेकर जल मार्ग तक हमने अनेक पहल की हैं। गत 5 वर्षों में देश ने यह सब देखा है और देखा है तभी तो यहां दोबारा बैठाया है।’’ 
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘किसानों की आय बढ़े, यह हमारी प्राथमिकता है। लागत कम हो यह हमारी प्राथमिकता है। हमारे देश में पहले 7 लाख टन दाल और तिलहन की खरीद हुई थी। जबकि हमारे कार्यकाल में 100 लाख टन दाल और तिलहन की खरीद हुई ।’’ 
उन्होंने कहा, ‘‘ हमारे आने से पहले कृषि मंत्रालय का बजट 27 हजार करोड़ रुपये था, अब इसे करीब पांच गुना बढ़ाकर लगभग 1.5 लाख करोड़ रुपये तक हमने पहुंचाया है । ’’ 
मोदी ने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से किसानों में एक विश्वास पैदा हुआ है। इस योजना के अंतर्गत किसानों से करीब 13 हजार करोड़ रूपये का प्रीमियम आया । लेकिन प्राकृतिक आपदा के कारण किसानों को जो नुकसान हुआ, उसके लिए किसानों को करीब 56 हजार करोड़ इस बीमा योजना से मिले। 
उन्होंने कहा, ‘‘ हम जानते हैं कि डेढ़ गुना एमएसपी का विषय लंबे समय से अटका था, यह किसानों के प्रति हमारी जिम्मेदारी थी और हमने उसे पूरा किया। वर्षों से लटकी करीब 99 सिंचाई परियोजनाओं पर 1 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च कर हमने उन्हें पूरा किया और अब किसानों को उसका लाभ मिल रहा है । 

Ujjwal Jain

लोकसभा के सम्बोधन में मोदी बोले – आपके रास्ते पर चलते, तो 70 साल के बाद भी अनुच्छेद 370 नहीं हटता

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर लोकसभा को संबोधित कर रहे है। इसके बाद लोकसभा से धन्यवाद प्रस्ताव को पारित कराया जाएगा।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर लोकसभा को संबोधित कर रहे है।  इसके बाद लोकसभा से धन्यवाद प्रस्ताव को पारित कराया जाएगा। बाद में राज्यसभा से भी इसको पारित कराना होगा। सरकार की कार्यनीति के बारे में जानकारी देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि ये सरकार पहले की सरकारों से तेज गति से काम कर रही है। 
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषण के प्रारंभ में ही अपने काम को लेकर श्री सक्सेना की कविता को प्रेरणाह्मात बताया और कविता की पंक्तियां पढी ‘‘लीक पर वे चलें, जिनके चरण दुर्बल और हारे हों। हमें तो, जो हमारी यात्रा से बनें, ऐसे अनिर्मित पथ ही प्यारे हैं।’’ 
नरेंद्र  मोदी ने कहा कि उनके काम को लोगों ने पांच साल तक देखा है और उन पर भरोसा किया है इसलिए लोगों ने इस बार उन्हें पहले की तुलना में ज्यादा ताकत के साथ संसद में भेजा है। जनता ने नयी शक्ति के साथ उनकी सरकार ही नहीं बनायी बल्कि सरोकार बदलने की भी आंकांक्षा की है। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में उन्हें और तेज गति से काम करने और लम्बे समय से लम्बित पड़ जन आंकांक्षाओं को पूरा करना है और इसीलिए वह नयी गति के साथ तथा लीक से दशकों पुरानी समस्याओं का समाधान कर रहे हैं। 
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– प्रधानमंत्री नरेन्द मोदी ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाना सरकार की शीर्ष प्राथमिकता है और वह न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ाने, फसल बीमा को प्रभावी बनाने, वर्षों से लटकी सिंचाई योजनाओं को पूरा करके इस दिशा में प्रतिबद्धता से काम कर रही है । 
– मोदी ने लोकसभा में कहा, ‘‘ सिंचाई से लेकर उद्योग तक, सड़क से लेकर बंदरगाह तक और हवाई मार्ग से लेकर जल मार्ग तक हमने अनेक पहल की हैं। गत 5 वर्षों में देश ने यह सब देखा है और देखा है तभी तो यहां दोबारा बैठाया है ।’’ 
– प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘ किसानों की आय बढ़े, यह हमारी प्राथमिकता है। लागत कम हो यह हमारी प्राथमिकता है। हमारे देश में पहले 7 लाख टन दाल और तिलहन की खरीद हुई थी। जबकि हमारे कार्यकाल में 100 लाख टन दाल और तिलहन की खरीद हुई ।’’ 
– उन्होंने कहा, ‘‘ हमारे आने से पहले कृषि मंत्रालय का बजट 27 हजार करोड़ रुपये था, अब इसे करीब पांच गुना बढ़ाकर लगभग 1.5 लाख करोड़ रुपये तक हमने पहुंचाया है । ’’ 
– मोदी ने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से किसानों में एक विश्वास पैदा हुआ है। इस योजना के अंतर्गत किसानों से करीब 13 हजार करोड़ रूपये का प्रीमियम आया । लेकिन प्राकृतिक आपदा के कारण किसानों को जो नुकसान हुआ, उसके लिए किसानों को करीब 56 हजार करोड़ इस बीमा योजना से मिले। 
– उन्होंने कहा, ‘‘ हम जानते हैं कि डेढ़ गुना एमएसपी का विषय लंबे समय से अटका था, यह किसानों के प्रति हमारी जिम्मेदारी थी और हमने उसे पूरा किया। वर्षों से लटकी करीब 99 सिंचाई परियोजनाओं पर 1 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च कर हमने उन्हें पूरा किया और अब किसानों को उसका लाभ मिल रहा है । 
– मोदी ने कहा, ‘‘ पूर्वोत्तर में पिछले पांच वर्ष में जो दिल्ली उन्हें दूर लगती थी, आज वही दिल्ली उनके दरवाजे पर जाकर खड़ी हो गई है।चाहे बिजली की बात हो, रेल की बात हो, हवाई अड्डे की बात हो, मोबाइल कनेक्टिविटी की बात हो, ये सब करने का हमने प्रयास किया है ।’’ 
– मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘ हम भी आप लोगों के रास्ते पर चलते, तो शायद 70 साल के बाद भी इस देश से अनुच्छेद 370 नहीं हटता। आपके तौर तरीके से चलते तो मुस्लिम महिलाओं को तीन तलाक की तलवार आज भी डराती ।’’
– प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि लेकिन आज दुनिया की भारत से जो अपेक्षा है, ‘‘हम अगर चुनौतियों को चुनौती नहीं देते, अगर हम हिम्मत नहीं दिखाते और अगर हम सबको साथ लेकर चलने की गति नहीं दिखाते तो हमें लंबे अरसे तक समस्याओं से जूझना होता ।’’ 
– मोदी ने कहा, ‘‘ कोई इस बात से इंकार नहीं कर सकता कि देश चुनौतियों से लोहा लेने के लिए हर पल कोशिश करता रहा है। कभी कभी चुनौतियों की तरफ न देखने की आदतें भी देश ने देखी है। चुनौतियों को चुनने का सामर्थ्य नहीं, ऐसे लोगों को भी देखा है ।’’ 
– प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पूर्ववर्ती कांग्रेस की  सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले जो कुछ भी हुआ, ‘‘राजनीति के तराजू से तौलकर और आधे-अधूरे मन से किया गया’’ जबकि उनकी सरकार ने चुनौतियों को चुनौती देते हुए समस्याओं का समाधान निकालने के लिये दीर्घकालिक नीति के तहत काम किया जिससें अर्थव्यवस्था आगे बढ़ी तथा वित्तीय घाटा एवं महंगाई स्थिर रही । 
– लोकसभा में पीएम मोदी ने कहा कि ये सरकार तेज गति से काम कर ही है।  तेज गति की वजह से 37 करोड़ लोगों के बैंक खाते खुले, 11 करोड़ लोगों को शौचालय मिला, 13 करोड़ परिवारों को रसोई गैस मिला। दो करोड़ नए घर गरीबों के लिए नहीं बनते । लंबे समय से अटकी दिल्ली की 1,700 कॉलोनियों को नियमित करने का काम पूरा न होता । 
– मोदी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा का जवाब देते हुए लोकसभा में कहा – 21वीं सदी के तीसरे दशक में माननीय राष्ट्रपति जी का वक्तव्य हम सभी को दिशा व प्रेरणा देने वाला और देश के लोगों में विश्वास पैदा करने वाला है। 
– प्रधानमंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर हम आपकी सोच के साथ चलते तो राम जन्मभूमि आज भी विवादों में रहती, करतारपुर साहिब कॉरिडोर कभी नहीं बन पाता और भारत-बांग्लादेश विवाद कभी नहीं सुलझता । 
– प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लोकसभा में कहा :आपके लिये (कांग्रेस) महात्मा गांधी जी ट्रेलर हो सकते हैं, हमारे लिये गांधीजी जिंदगी हैं। लोगों ने सिर्फ एक सरकार बदली है, केवल ऐसा नहीं है, बल्कि सरोकार भी बदलने की अपेक्षा की है। इस देश की एक नई सोच के साथ काम करने की इच्छा और अपेक्षा के कारण हमें यहां आकर काम करने का अवसर मिला है 
– प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा – अगर कांग्रेस के रास्ते पर हम चलते, तो देश 50 साल बाद भी शत्रु संपत्ति कानून का और 35 साल बाद भी अगली पीढ़ी के लड़ाकू विमान का इंतजार करता रहता। 28 साल बाद भी बेनामी संपत्ति कानून लागू नहीं हो पाता और 20 साल बाद भी चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ की नियुक्ति नहीं हो पाती।  
– प्रधानमंत्री ने कहा कि बोड़ो जनजाति की चर्चा पहली बार नहीं हुई। लेकिन पहले जो कुछ भी हुआ, वह राजनीति के तराजू से तौलकर, आधे-अधूरे मन से किया गया। पहले समझौते भी हुए, फोटो भी छपी, लेकिन कागज पर किये समझौते से बोड़ो जनजाति के लोगों का भला नहीं हुआ ।

Ujjwal Jain