उत्तर प्रदेश सरकार के प्रवक्ता और ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने बृहस्पतिवार को सपा अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर अपने कार्यकाल में प्रदेश पर महंगी बिजली थोपने का आरोप लगाया।शर्मा ने एक बयान में कहा कि सपा अध्यक्ष और मुख्यमंत्री अखिलेश यादव सस्ती बिजली देने की बात कर रहे हैं लेकिन उन्हें यह नहीं भूलना चाहिए कि उनकी सरकार ने अपने पांच साल के कार्यकाल में साल दर साल बिजली के दाम में 60.71फीसद की वृद्धि की थी।
उन्होंने कहा कि सपा सरकार ने 5.14 रुपये से लेकर 11.09 रुपये प्रति यूनिट की दर से दीर्घकालिक समझौते किये और मंहगी बिजली थोपी जबकि भाजपा सरकार ने 2.98 रुपये से लेकर 4.19 रुपये की दर से अनुबंध किये और पिछले तीन साल से बिजली की दरें नहीं बढ़ाई। शर्मा ने दावा किया कि प्रदेश की मौजूदा भाजपा सरकार ने पिछली सरकार द्वारा किये गए महंगे बिजली सौदों को फिर से बातचीत कर सस्ता कराया।
गौरतलब है कि सपा अध्यक्षअपनी रैलियों में वादा कर रहे हैं कि उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव के बाद सपा की सरकार बनने पर 300 यूनिट बिजली मुफ्त दी जाएगी।उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व भर्ती अखिलेश यादव सरकार के कार्यकाल में सिर्फ चार जिलों को ही 24 घंटे बिजली मिलती थी यह उन 1.41 करोड़ उपभोक्ताओं के साथ अन्याय है जो 2017 से पहले बिजली के लिए तरस गए थे। इन सभी लोगों से पिछली सरकार के मुखिया को माफी मांगनी चाहिए।


Download Android App
Download iOS App



