अजब गजब: महिला ने 5 दिनों में दिया 4 बच्चों को जन्म, नार्मल डिलीवरी देख डॉक्टर भी रह गए हैरान

Summary :

Woman Gave Birth to 4 Child: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले से एक अजीबो-गरीब घटना सामने आई है। यहां के एक निजी अस्पताल में एक मुस्लिम महिला (30 साल) ने एक साथ चार बच्चों को नार्मल तरिके से जन्म दिया। इस अनोखे घटना के सामने आने के बाद पूरे इलाके में कई तरह की बातें हो रही है। इस घटना से डॉक्टर भी हैरान रह गए। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मां पूरी तरह स्वस्थ है, जबकि चारों नवजात बच्चों को फिलहाल वेंटिलेटर पर रखा गया है। डॉक्टरों ने जानकारी देते हुए बताया है कि बच्चों की स्थिति फिलहाल स्थिर है।…

Woman Gave Birth to 4 Child: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले से एक अजीबो-गरीब घटना सामने आई है। यहां के एक निजी अस्पताल में एक मुस्लिम महिला (30 साल) ने एक साथ चार बच्चों को नार्मल तरिके से जन्म दिया। इस अनोखे घटना के सामने आने के बाद पूरे इलाके में कई तरह की बातें हो रही है। इस घटना से डॉक्टर भी हैरान रह गए। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मां पूरी तरह स्वस्थ है, जबकि चारों नवजात बच्चों को फिलहाल वेंटिलेटर पर रखा गया है। डॉक्टरों ने जानकारी देते हुए बताया है कि बच्चों की स्थिति फिलहाल स्थिर है। महिला संभल की रहने वाली है और उसकी शादी कुछ साल पहले ही हुई थी।

Moradabad 4 childs born: क्या है पूरा मामला?

Woman Gave Birth to 4 Child (credit-sm)

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, महिला यूपी के संभल जिले के असमोली की रहने वाले है। महिला का पति मोहम्मद आलिम गाँव में ही किराना दुकान चलाता है। महिला (अमीना) ने मुरादाबाद के TMU अस्पताल में एक साथ चार बच्चों को जन्म देकर इतिहास रच दिया है। महिला को दो बेटे और दो बेटियां हुई हैं। अमीना पूरी तरह ठीक हैं, जबकि चारों नवजात बच्चों की स्थिति फिलहाल सही नहीं है। हॉस्पिटल में डॉक्टरों की टीम लगातार मां और बच्चों की निगरानी कर रही है। यह पूरी घटना पूरे राज्य और आस-पास के क्षेत्रों में चर्चा का विषय बनी हुई है।

Moradabad women birth 4 childs: डॉक्टरों ने जो बताया, सुनकर हिल जाएगा दिमाग (Uttar Pradesh News)

Woman Gave Birth to 4 Child (credit-sm)

अस्पताल के डॉक्टरों ने बताया कि मेडिकल साइंस के नज़रिए से यह मामला बेहद जटिल था। एक खास बात यह थी कि चारों बच्चे अलग-अलग थैलों में थे, और सभी की डिलीवरी नॉर्मल तरीके से हुई। इलाज के दौरान, डॉ. शुभ्रा अग्रवाल, डॉ. पूर्ति, डॉ. रोली, डॉ. मोनिका, और अस्पताल के कई अन्य डॉक्टरों और स्टाफ सदस्यों ने लगातार निगरानी और देखभाल की। ​​इतना ही नहीं इस घटना को लेकर डॉक्टरों ने बताया कि इस चुनौतीपूर्ण मामले के सफल प्रबंधन का श्रेय समय पर मिले मेडिकल हस्तक्षेप, लगातार निगरानी और परिवार के सहयोग को दिया।

Shivangi Shandilya

शिवांगी शांडिल्य पत्रकारिता में पिछले 2 वर्षों से सक्रिय हैं। राजनीति, विदेश, क्राइम के अलावा आद्यात्मिक खबरें लिखना पसंद हैं। गलगोटिया विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की है। IGNOU से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई जारी है। इस दौर में वेबसाइट पर लिखने का कार्य जारी है। पत्रकारिता की शुरुआत इंडिया न्यूज़ (इनखबर) से हुई, जहां बत्तौर हिन्दी सब-एडिटर के रूप में वेबसाइट पर काम किया। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में जन्म लेने वाली शिवांगी की शिक्षा उनके गृह जिले में ही हुई है। शिवांगी को राजनीतिक घटनाक्रम पर आलेख लिखना बेहद पसंद है।