इस मां के जज्बे को सलाम, बच्चे को ट्रॉली बैग पर लेटाकर ही बिना रुके करती जा रही हैं सफर

Summary :

कोरोना वायरस का बढ़ता प्रकोप देशभर में जारी है और लोगों ने कोरोना के तेजी से बढ़ते मामलों के बाद से ही पलायन करना शुरू कर दिया है।

कोरोना वायरस का बढ़ता प्रकोप देशभर में जारी है और लोगों ने कोरोना के तेजी से बढ़ते मामलों के बाद से ही  पलायन करना शुरू कर दिया है। ऐसे में जो भी प्रवासी मजदूर वर्ग जो अपने काम के लिए  दूसरे राज्यों में गए हुए थे अब वो वहां से अपने घरों के लिए पैदल ही निकल पड़े हैं,इतना ही नहीं आये दिन इनके वीडियोज और तस्वीरें देखने को मिल ही जाती है। ये प्रवासी मजदूर कोई 100 या 200 नहीं बल्कि 1000 किलोमीटर का सफर पैदल ही कर रहे हैं।
हाल ही में एक दिल पसीज देने वाला एक और मामला सामने आया है। दरअसल एक मजदूर मां अपने बच्चे को अपने साथ घर लेकर जा रही है,लेकिन मासूम पैदल चल चलकर इतना ज्यादा थक चूका है कि वो ट्रॉली बैग पर ही सो गया। वीडियो और तस्वीर देख आप भी ये सोचने पर मजबूर हो जायेंगे भला इस बच्चे कि इसमें क्या गलती ?
बच्चा ट्रॉली बैग सो गया 
ये प्रवासी मजदूर पंजाब से वाया आगरा पास से होते हुए झांसी के लिए पैदल चल रहे हैं। तस्वीर में एक छोटा बच्चा पैदल सफर करके इतना थक गया है कि वो ट्रॉली बैग पर ही सो गया और मासूम की मां उस ट्रॉली बैग को खींचकर चल रही है,ताकि उसका बच्चा थके नहीं और वो अपने घर तक कैसे भी पहुंच जाए। 
यहां देखिए वीडियो 
वीडियो में आप देख सकते हैं किस तरह ये मां अपने थके हारे हुए बच्चे को ट्रॉली बैग में ही लेटाकर पैदल चले जा रही है। बच्चा भी निढाल होकर ट्रॉली बैग पर ही सो रहा है। ये सभी मजदूर रुक नहीं सकते , इसलिए मां ट्रॉली तो खींचे जा रही है, ताकि जल्द से जल्द वे अपने गांव पहुंच जाएं। वहीं लोग उन्हें बताते हैं कि उन्हें पैदल नहीं जाना चाहिए। अब कुछ बसें चल रही हैं। 

सोशल मीडिया यूज़र्स ने दिया ऐसा रिएक्शन…


 

Desk Team