कांगो में इबोला का प्रकोप जारी, कन्फर्म मामले बढ़कर हुए 1,048

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किंशासा, 23 जून (आईएएनएस)। डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (डीआरसी) में इबोला के कन्फर्म मामलों की संख्या बढ़कर 1,048 हो गई है। इबोला के 1,048 मामलों में 267 लोगों की मौत भी शामिल हैं। देश के स्वास्थ्य अधिकारियों ने इबोला को लेकर एक नई रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट के अनुसार, रविवार तक के डेटा के हिसाब से, 371 मरीज आइसोलेशन में थे या हॉस्पिटल में भर्ती थे, जबकि 112 लोग ठीक हो गए थे। रविवार तक कुल 202 संदिग्ध मामलों की पहचान हुई, जिनमें 60 मौतें शामिल हैं। कुल केस मृत्यु दर 25.5 फीसदी था। रिपोर्ट के अनुसार, कन्फर्म मामलों…

किंशासा, 23 जून (आईएएनएस)। डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (डीआरसी) में इबोला के कन्फर्म मामलों की संख्या बढ़कर 1,048 हो गई है। इबोला के 1,048 मामलों में 267 लोगों की मौत भी शामिल हैं। देश के स्वास्थ्य अधिकारियों ने इबोला को लेकर एक नई रिपोर्ट जारी की है।

रिपोर्ट के अनुसार, रविवार तक के डेटा के हिसाब से, 371 मरीज आइसोलेशन में थे या हॉस्पिटल में भर्ती थे, जबकि 112 लोग ठीक हो गए थे। रविवार तक कुल 202 संदिग्ध मामलों की पहचान हुई, जिनमें 60 मौतें शामिल हैं। कुल केस मृत्यु दर 25.5 फीसदी था।

रिपोर्ट के अनुसार, कन्फर्म मामलों की संख्या हर हफ्ते बढ़ रही है, जो कम्युनिटी ट्रांसमिशन का संकेत है। इसमें चेतावनी दी गई है कि अगर सार्वजनिक स्वास्थ्य के उपाय तुरंत लागू नहीं किए गए तो तेजी से फैलाव हो सकता है।

बुंडीबुग्यो इबोलावायरस की वजह से मौजूदा आउटब्रेक को डीआरसी के स्वास्थ्य मंत्रालय ने 15 मई को आधिकारिक तौर पर ऐलान किया था।

न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, शुक्रवार को यूएन के मानवीय कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी थी कि डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो (डीआरसी) में विस्थापन कैंपों में ज्यादा भीड़ और खराब सफाई की वजह से इबोला फैलने का खतरा बढ़ रहा है।

यूएन ऑफिस फॉर द कोऑर्डिनेशन ऑफ ह्यूमैनिटेरियन अफेयर्स (ओलीएचए) ने कहा कि 270,000 से ज्यादा लोग, जिनमें ज्यादातर महिलाएं और बच्चे हैं, इतुरी प्रांत में 60 से ज्यादा जगहों पर शरण लिए हुए हैं। इनमें से कई जगहों पर पानी, सफाई और स्वास्थ्य सेवाओं की ठीक से पहुंच नहीं है।

कार्यालय ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र को स्थानीय साझेदारों से रिपोर्ट मिली है कि बुधवार और गुरुवार के बीच, इतुरी की राजधानी बुनिया में दो शिविरों में कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई। प्रतिक्रिया टीमें तत्काल जांच कर रही हैं कि क्या ये मौतें इबोला से जुड़ी हैं। अप्रैल के बाद से, शहर के आसपास के शिविरों में कम से कम 62 मौतें हुई हैं।

ओसीएचए ने कहा, “ये मौत बुनिया में इबोला के बड़े पैमाने पर फैलने के बीच हो रही हैं, जहां स्वास्थ्य सुविधाओं पर भरोसा न होना, भीड़भाड़, बचाव के उपायों में कमी और शवों को असुरक्षित तरीके से संभालने की वजह से विस्थापित कैंपों में लोगों में फैलने का खतरा बढ़ रहा है। यह खास तौर पर चिंता की बात है क्योंकि इतुरी प्रांत इस बीमारी का केंद्र बना हुआ है, जहां 90 फीसदी से ज्यादा कन्फर्म मामले सामने आए हैं।”

–आईएएनएस

केके/एएस

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