PoK में भारी बवाल! सेना की गोलीबारी में 26 मौतें, 190 घायल; पाकिस्तान के खिलाफ सड़कों पर उतरे लोग

Summary :

PoJK के मीरपुर में लोगों का गुस्सा खुलकर सामने आ गया है। बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक पाकिस्तान की शहबाज़ शरीफ़ सरकार और सेना अध्यक्ष आसिम मुनीर के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। वहां की आवाम में सरकार के खिलाफ भारी नाराज़गी है। सड़क पर प्रदर्शन कर रहे लोगों का आरोप है कि प्रशासन आम लोगों की सुरक्षा करने में पूरी तरह असफल रहा, जिस वजह से कई बेगुनाहों को अपनी जान गंवानी पड़ी। इसी नाराजगी के चलते लोग खुलकर विरोध जता रहे हैं और सरकार से सरकार से इसका जबाव भी मांग रहे हैं। Mirpur Protest PoK: गोलीबारी में…

PoJK के मीरपुर में लोगों का गुस्सा खुलकर सामने आ गया है। बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक पाकिस्तान की शहबाज़ शरीफ़ सरकार और सेना अध्यक्ष आसिम मुनीर के खिलाफ सड़कों पर उतर आए हैं। वहां की आवाम में सरकार के खिलाफ भारी नाराज़गी है। सड़क पर प्रदर्शन कर रहे लोगों का आरोप है कि प्रशासन आम लोगों की सुरक्षा करने में पूरी तरह असफल रहा, जिस वजह से कई बेगुनाहों को अपनी जान गंवानी पड़ी। इसी नाराजगी के चलते लोग खुलकर विरोध जता रहे हैं और सरकार से सरकार से इसका जबाव भी मांग रहे हैं।

Mirpur Protest PoK: गोलीबारी में 26 लोगों की मौत, 190 घायल

(credit-sm)

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तानी सेना की हालिया गोलीबारी में 26 आम नागरिकों की मौत हो गई और लगभग 190 लोग घायल हो गए। घायलों में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं। इस घटना के बाद पूरे इलाके में डर और तनाव का माहौल है। कई घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है और उनका इलाज चल रहा है।

Pakistan Occupied Kashmir Protest: न्याय की मांग; सुरक्षा बढ़ाई गई

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घटना से नाराज़ लोगों ने पाकिस्तानी प्रशासन के ख़िलाफ़ नारे लगाए और न्याय की मांग की। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि बेगुनाह लोगों की मौत के लिए ज़िम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं, मारे गए लोगों के परिवारों ने निष्पक्ष जांच और दोषियों को कड़ी सज़ा देने की मांग की है। बढ़ते विरोध-प्रदर्शनों को देखते हुए इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और प्रशासन स्थिति पर कड़ी नज़र रख रहा है।

भारत का क्या रुख हो सकता है?

भारत का कहना है कि PoJK भारत का हिस्सा है। मीरपुर में हुए विरोध प्रदर्शनों और नागरिकों की मौत की खबरों पर भारत मानवाधिकारों का मुद्दा उठाया है। भारत का मानना है कि पाकिस्तान अपनी प्रशासनिक नाकामियों और मानवाधिकार हनन (Human Rights Abuses) के मामलों को छिपाने के लिए ऐसे हथकंडे अपना रहा है। जेय सिंध मुत्ताहिदा महाज (JSMM) के चेयरमैन शफी बुरफत ने पीओके में हो रही घटनाओं पर चिंता जताई है। उन्होंने भारत सहित दुनिया के कई देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों से हस्तक्षेप करने की अपील की है।

Shivangi Shandilya

शिवांगी शांडिल्य पत्रकारिता में पिछले 2 वर्षों से सक्रिय हैं। राजनीति, विदेश, क्राइम के अलावा आद्यात्मिक खबरें लिखना पसंद हैं। गलगोटिया विश्वविद्यालय से बैचलर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई पूरी की है। IGNOU से मास्टर ऑफ मास कम्यूनिकेशन की पढ़ाई जारी है। इस दौर में वेबसाइट पर लिखने का कार्य जारी है। पत्रकारिता की शुरुआत इंडिया न्यूज़ (इनखबर) से हुई, जहां बत्तौर हिन्दी सब-एडिटर के रूप में वेबसाइट पर काम किया। वर्तमान में पंजाब केसरी दिल्ली में हिन्दी सब-एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले में जन्म लेने वाली शिवांगी की शिक्षा उनके गृह जिले में ही हुई है। शिवांगी को राजनीतिक घटनाक्रम पर आलेख लिखना बेहद पसंद है।